पंडित दीनदयाल अंत्योदय योजना के तहत कौशल विकास से संबंधित प्रशिक्षण में महिलाओं के लिए अब 30 प्रतिशत सीट आरक्षित किए जाएंगे। इसके अलावा अल्पसंख्यक 15 और दिव्यांगों को पांच फीसदी आरक्षण दिया जाएगा। बड़े शहरों में 240 और छोटे शहरों में 120 महिलाओं को प्रशिक्षण दिए जाने का लक्ष्य रखा गया है।
गौरतलब है कि शहरी क्षेत्रों में रहने वाले जरूरतमंदों को दीनदयाल अंत्योदय योजना राष्ट्रीय शहरी आजीविका मिशन (डीएवाई-एनयूएलएम) के तहत कौशल प्रशिक्षण देकर रोजगार के लिए तैयार किया जाता है। इस बार प्रशिक्षण के लिए नए सिरे से 52 संस्थाओं का चयन किया गया है।
राज्य शहरी आजीविका मिशन निदेशालय ने इन संस्थानों को वर्ष 2021-22 के लिए सूची में रखा गया है। प्रशिक्षण देने वाली संस्थाओं को आरक्षण संबंधी जानकारी मिशन निदेशालय को देनी होगी कि उनके यहां किस वर्ग के कितने लोगों को प्रशिक्षण दिया जा रहा है। निदेशालय स्तर से जरूरत के आधार पर इसका सत्यापन भी कराया जाएगा।
मिशन निदेशक यशु रुस्तगी ने इस संबंध में आदेश जारी कर दिया है। संस्थाओं को सेक्टर में लक्ष्य आवंटित कर दिया गया है। सेक्टर के अंतर्गत प्रशिक्षण के लिए पाठ्यक्रम का चयन नगर निगम वाले शहरों में नगर आयुक्त यानी परियोजना निदेशक और गैर नगर निगम वाले शहरों में जिलाधिकारी के माध्यम से किया गया है। चयनित संस्थाएं 30 दिन के अंदर स्मार्ट सेंटर बनाते हुए प्रशिक्षण शुरू करेंगी।