फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बदायूं गैंगरेपः दो पुलिसकर्मी सस्पेंड, दरोगा लाइन हाजिर

Sun, 04 Jan 2015 08:50 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, बदायूं।
विज्ञापन
विज्ञापन
मूसाझाग थाने में किशोरी से गैंगरेप के मामले में थाने के दरोगा हिमांशु शुक्ला और मुंशी उदयवीर सिंह को भी सस्पेंड कर दिया गया है। आरोपी सिपाही अवनीश यादव के चाचा दरोगा सोबरन सिंह यादव को लाइन हाजिर कर दिया गया है। शुक्रवार को आरोपी सिपाहियों वीरपाल यादव और अवनीश यादव को बर्खास्त और थाना प्रभारी रामलखन सिंह को सस्पेंड किया गया था।
विज्ञापन


लखनऊ में आईजी कानून व्यवस्था ए सतीश गणेश ने बताया कि मामले में होमगार्ड हेक सिंह और धीरपाल के खिलाफ कार्रवाई के लिए जिला कमांडेंट को पत्र लिखा गया है। किशोरी से गैंगरेप की घटना 31 दिसंबर की रात हुई थी।

उस रात थाने में ड्यूटी अफसर एसआई हिमांशु शुक्ला और मुंशी उदयवीर सिंह थे। शनिवार को एसएसपी संतोष कुमार सिंह ने इन दोनों को सस्पेंड कर दिया। हिमांशु शुक्ला पर ड्यूटी में लापरवाही और मुंशी पर समुचित धाराओं में रिपोर्ट दर्ज न करने का आरोप है।
विज्ञापन


दरोगा सोबरन सिंह यादव को पीड़ित परिवार तथा गांव वालों को धमकाने के आरोप में लाइन हाजिर किया गया है। उधर, गैंगरेप की पुष्टि के बाद शनिवार को किशोरी की उम्र की जांच एक्स-रे से की गई। इसके बाद सीएमओ डॉ. दीपक सक्सेना ने पीड़िता की शारीरिक संरचना के हिसाब से उसकी आयु 16 वर्ष होने की आधिकारिक पुष्टि की है।
विज्ञापन

सिपाहियों की तलाश में जुटीं पांच टीमें

किशोरी को अगवा कर थाना मूसाझाग में उसके साथ रेप करने के आरोपी सिपाही वीरपाल यादव और अवनीश यादव की गिरफ्तारी के लिए पांच टीमें जुट गई हैं, साथ ही एसटीएफ को भी लगा दिया गया है। एडीजी क्राइम एचसी अवस्थी ने कहा कि इस घटना से पूरा पुलिस महकमा आहत हुआ है। सरकार भी इस घटना को लेकर काफी गंभीर है। दोनों सिपाहियों को जल्द गिरफ्तार कर कड़ी से कड़ी सजा दिलाई जाएगी।

बदायूं गैंगरेप की पीड़िता किशोरी को राज्य सरकार ने पांच लाख रुपये की अंतरिम सहायता देने का ऐलान किया है। मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने शनिवार को किशोरी को आर्थिक सहायता देने की घोषणा की। सरकारी प्रवक्ता ने यह जानकारी देते हुए बताया कि मुख्यमंत्री ने इस मामले को बेहद गंभीरता से लिया है और अधिकारियों को पूरे मामले की जल्द से जल्द जांच कराकर दोषी सिपाहियों और लापरवाह पुलिस अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।

गैंगरेप की शिकार हुई किशोरी ने मूसाझाग थाने में घटनास्थल की पुष्टि की है। उसने पुलिस अधिकारियों को वह कमरा भी दिखाया, जहां दोनों सिपाहियों ने उसके साथ गैंगरेप किया था। इस बीच पीड़िता के घर पर सुरक्षा के लिहाज से पुलिस को तैनात कर दिया गया है।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें