कन्नौज जिले में हुए भीषण सड़क हादसे में जिले के निवासी पिता पुत्र की मौत हो गई है। इसकी खबर जब परिजनों को मिली तो कोहराम मच गया। बिलखते परिजन कन्नौज के लिए रवाना हुए।
मंगलवार को जिला कन्नौज के एक्सप्रेस वे पर बस डिवाइडर पार कर दूसरी ओर जा रहे ट्रक में घुस गई। इस भीषण हादसे में चार लोगों की मौत हो गई जबकि 32 के घायल होने की सूचना है। मृतकों में सुबेहा थाना क्षेत्र के शरीफाबाद पंचायत के मजरे हुसैनाबाद के नीलकंठ व इनके पुत्र आठ साल के मनीष का नाम शामिल है। मृतक के भाई संतोष ने बताया नीलकंठ को गांव में लोग रामकंठ के नाम से बुलाते थे।
नीलकंठ दिल्ली से गोरखपुर के बीच चलने वाली स्लीपर बस के चालक थे। इनकी पत्नी कई साल पहले बच्चों को छोड़ कर चली गई है जिसके बाद नीलकंठ के दो पुत्र आशीष और मनीष गांव में अपने बाबा के साथ रहते थे।
बस चालक होने की वजह से नीलकंठ कभी-कभार ही गांव पहुंच पाता था। एक दिन पहले फोन आने पर बाबा ही मनीष को अयोध्या लखनऊ हाईवे पर मवई में नीलकंठ के पास छोड़ आए थे। पुत्र को लेकर नीलकंठ अपने साथ चला गया था। पिता व भाई की मौत के बाद आशीष बिलख रहा है। गांव के लोग परिवार को ढाढस बंधाने में लगे हैं।