राजधानी के कई बड़े मंदिर और आरएसएस के कार्यालय को लेकर धमकी भरा पत्र मिला है। पत्र में मंदिर और आरएसएस के कार्यालय निशाने पर होने की बात कही गई है। रजिस्टर्ड डाक से यह पत्र अलीगंज हनुमान मंदिर के पते पर आया है। खुद को जेहाद समर्थक बताते हुए पत्र में कहा गया कि अगर 14 अगस्त की शाम तक मुजाहिदों को रिहा नहीं किया गया तो अंजाम भुगतने के लिए तैयार रहें।
पत्र मिलने के बाद मंदिर प्रशासन से जुड़े लोगों ने संयुक्त पुलिस आयुक्त अपराध व मुख्यालय नीलाब्जा चौधरी से संपर्क किया। इसकी जांच के लिए क्राइम ब्रांच की टीम को लगा दिया है। फिलहाल पुलिस अभी मामले में कुछ खुलकर नहीं बोल रही है।
अलीगंज स्थित नए हनुमान मंदिर के प्रशासनिक कार्य से जुड़े उत्कर्ष बाजपेयी के मुताबिक, धमकी भरा यह पत्र बृहस्पतिवार शाम को मिला। रजिस्टर्ड डाक से भेजा गया यह पत्र मंदिर प्रबंधक के नाम से है। इसमें कहा गया कि जिन मुजाहिदों को गिरफ्तार किया गया है
उन्हें 14 अगस्त तक रिहा कर दिया जाए, वरना 15 अगस्त से कहर बरपाया जाएगा। यह भी कहा गया है कि दस लोगों की सूची तैयार है उसमें कुछ आरएसएस के बड़े पदाधिकारी भी हैं। पत्र की भाषा बेहद संवेदनशील और भड़काऊ है। इसमें महिलाओं के लिए भी अपशब्द लिखे गए हैं।