बाबा सिद्दीकी की हत्या से पहले भी अवध क्षेत्र का अंडरवर्ल्ड से मजबूत कनेक्शन रहा है। बात चाहे जेजे हॉस्पिटल शूटआउट के आरोपियों को शरण देने की हो या फिर काला घोड़ा शूटआउट। समय-समय पर अंडरवर्ल्ड से यहां के रिश्ते उजागर होते रहे हैं।
अवध का अंडरवर्ल्ड कनेक्शन वर्ष 2006 में सुर्खियों में रहा। तब मुंबई के काला घोड़ा क्षेत्र में शूटआउट के दौरान दिनदहाड़े दाऊद इब्राहिम गैंग के दो बदमाशों को पुलिस कस्टडी में ही गोलियों से भून दिया गया था। वारदात को तो अंजाम छोटा राजन गैंग ने दिया था लेकिन शूटर उत्तर प्रदेश के प्रयागराज से गए थे, जिन्हें अंबेडकरनगर के माफिया खान मुबारक ने भेजा था। इस मामले में मुंबई पुलिस ने खान मुबारक व जफर सुपारी के साथ बच्चा पासी को पकड़ा था।
इससे पहले वर्ष 2008 में बाटला हाउस कांड के समय भी क्षेत्र का जुड़ाव सामने आया था। जेजे हॉस्पिटल शूटआउट की कड़ियां भी यहां से जुड़ीं। इस बीच अंबेडकरनगर से निकलकर जफर सुपारी ने मुंबई की जरायम की दुनिया में धमक दिखाई। छोटा राजन से मिलकर उसने सीधे दाऊद को चुनौती देनी शुरू कर दी थी।