मृतक व्यवसायी का परिवार।
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जिला अस्पताल पहुंचे परिवारीजनों ने आरोप लगाया कि पुलिस ने पहले घर में उत्पात मचाया। फिर थाने में सत्य प्रकाश को टॉर्चर करने के बाद जहर खिला दिया। लोगों ने अस्पताल में ही हंगामा किया। मौके पर पहुंचीं सुल्तानपुर एसपी डॉ. मीनाक्षी कात्यायन ने लोगों को समझाया। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
एसपी ने दी सफाई कहा- हिरासत में नहीं हुई मौत, मजिस्ट्रेटी जांच के आदेश
एसपी अमेठी डॉ. ख्याति गर्ग ने पीपरपुर थाने में हुई सत्य प्रकाश की मौत को पुलिस हिरासत में मानने से इंकार कर दिया। एपी ने कहा कि पुलिस के बुलाने पर सत्य प्रकाश अपने दोनों बेटों के साथ आया था। थाने में उससे पूछताछ शुरू होती इसके पहले ही उसकी तबियत बिगड़ गई। अस्पताल ले जाने पर उसे मृत घोषित कर दिया गया। इसी तरह इन्हौना चौकी में हुई मामले में भी जांच प्रक्रियाधीन है। वहीं, डीएम अमेठी प्रशांत शर्मा ने देर शाम मामले में मजिस्ट्रेटी जांच के आदेश दिए हैं।
अस्पताल के बाहर मौजूद पुलिसकर्मी।
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सत्य प्रकाश शुक्ल का परिवार शिक्षित है। उनके भाई ओम प्रकाश शुक्ल शिक्षक हैं। सत्य प्रकाश के परिवार में पत्नी नीलम के साथ ही मां आशा और दो बेटे और एक बेटी है। बेटों में राहुल एमटेक कर रहा है। जबकि छोटा बेटा साहिल दुकान पर बैठता है। पिता ने बेटी प्रियंका की शादी कर दी है।
घर पर पीएसी व पुलिस तैनात
प्रतापगढ़ के अंतू थाना क्षेत्र के बिराहिनपुर गांव निवासी सत्य प्रकाश शुक्ल का बाबूगंज बाजार में मकान है। इसी मकान में सत्य प्रकाश शुक्ल ने यूको बैंक को किराए पर कमरा दे रखा है। सत्य प्रकाश शुक्ल परिवार के साथ बिराहिनपुर गांव के अपने पुश्तैनी मकान में रहते थे।
परिवारीजनों के अनुसार मंगलवार की भोर में पुलिस कर्मी जब उनके घर पहुंचे तो फावड़े से जमीन की खोदाई करने लगे। पुलिस कर्मियों से जब पूछा गया तो उन्होंने कहा कि इसी घर में लूट का रुपया दबा कर रखा गया है। सत्य प्रकाश की मौत के बाद पीएसी के साथ ही पुलिस तैनात की गई है।
जिला अस्पताल में शोकाकुल मृतक के परिजन।
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भादर के यूको बैंक मैनेजर से हुई 26 लाख की लूट में मुखबिरी करने के आरोपी की मंगलवार सुबह पुलिस कस्टडी में हुई मौत जिले में पहला मामला नहीं है। इसके पहले करीब दो माह पहले जिले के शिवरतनगंज थाने की इन्हौना चौकी में ऐसा ही एक मामला सामने आ चुका है।
इसके पहले 25 अगस्त को शिवरतनगंज थाने की इन्हौना चौकी में भी कथित तौर पर चोरी के आरोपी रामऔतार निवासी भिखारीपुर मजरे पन्हौना की पुलिस हिरासत में मौत हो गई थी। सत्य प्रकाश के परिवारीजनों की तरह राम औतार के परिवारीजनों ने भी पुलिस की प्रताड़ना को मौत का कारण बताया था।
पुलिस को मामले की जानकारी देता मृतक व्यवसायी का भाई ओमप्रकाश शुक्ला।
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पुलिस अभिरक्षा में हुई व्यवसायी की मौत के बाद पुलिस ने शव का पोस्टमॉर्टम कराया। तीन चिकित्सकों के पैनल ने शव का पोस्टमॉर्टम किया। जिला अस्पताल के सीएमएस डॉ. वीबी सिंह ने बताया कि तीन चिकित्सकों के पैनल में चिकित्सक सीएल रस्तोगी, डॉ. विष्णु प्रसाद और डॉ. राजेश मिश्रा शामिल थे। पोस्टमॉर्टम में सत्य प्रकाश शुक्ल के खाने की थैली में जहर पाया गया है। उन्होंने बताया कि व्यवसायी की मौत जहर से हुई है। पोस्टमॉर्टम की वीडियो रिकॉर्डिंग के साथ ही फोटोग्राफी भी कराई गई है।
दो माह के भीतर पुलिस हिरासत में दूसरी मौत
भादर के यूको बैंक मैनेजर से हुई 26 लाख की लूट में मुखबिरी करने के आरोपी की मंगलवार सुबह पुलिस कस्टडी में हुई मौत जिले में पहला मामला नहीं है। इसके पहले करीब दो माह पहले जिले के शिवरतनगंज थाने की इन्हौना चौकी में ऐसा ही एक मामला सामने आ चुका है।
इसके पहले 25 अगस्त को शिवरतनगंज थाने की इन्हौना चौकी में भी कथित तौर पर चोरी के आरोपी रामऔतार निवासी भिखारीपुर मजरे पन्हौना की पुलिस हिरासत में मौत हो गई थी। सत्य प्रकाश के परिवारीजनों की तरह राम औतार के परिवारीजनों ने भी पुलिस की प्रताड़ना को मौत का कारण बताया था।
जिला अस्पताल में तैनात पुलिस।
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अमेठी में पुलिस कस्टडी में सत्यप्रकाश शुक्ला की मौत पर कांग्रेस ने सरकार पर निशाना साधा है। कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू ने आरोप लगाया है कि पुलिस की पिटाई से सत्यप्रकाश की थाने में मौत हुई है, जिसपर सरकार पर्दा डालना चाहती है।
उन्होंने कहा कि 26 लाख की लूट के मामले में आरोपितों को पकड़ने में विफल हो चुकी पुलिस ने थर्ड डिग्री का प्रयोग किया था, जिससे सत्यप्रकाश की मौत हुई है। कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा है कि अगर सरकार सच्चाई जानना चाहती है मामले की निष्पक्ष जांच कराने का आदेश तत्काल जारी करे।