सूबे के एक मंत्री की भैंसें कुछ दिन पहले चोरी हो गईं थीं, हालांकि पुलिस ने फुर्ती से उन्हें ढूंढ निकाला। इस खबर ने खूब सुर्खियां बटोरीं।
अब इससे मिलते-जुलते कथानक पर नाटक का मंचन किए जाने की तैयारी है। नगर की रंगमंच संस्था सत्यपथ के युवा रंगकर्मी इसे मंच पर उतारेंगे।
करीब डेढ़ घंटे के नाटक का मंचन नवंबर में किए जाने की तैयारी है। अपने मंचनों को लेकर हमेशा ही विवादों में घिरने वाले सत्यपथ रंगमंडल के युवा निर्देशक मुकेश वर्मा ने रविवार को बताया कि कथानक के माध्यम से घटनाक्रम को उकेरना ही लक्ष्य नहीं है।
लक्ष्य है कि ये व्यवस्था कैसी है जो एक रसूखदार के लिए लचीली हो जाती है। 2012 के विधानसभा चुनावों के दौरान बसपा सुप्रीमो मायावती पर आधारित मुकेश के नाटक माई सैंडिल करने के चक्कर में उन पर प्रतिबंध भी लग चुका है।
मंचन को बाद में सरकार बदलने पर हरी झंडी मिली। उनके मंचनों में सूबे की पूर्व सीएम मायावती, सीएम अखिलेश, पीएम नरेंद्र मोदी के किरदार भी मंच पर उतर चुके हैं।