बाराबंकी। सीजेएम नंद कुमार ने एक बाइक को छोड़े जाने को लेकर कोर्ट को भ्रामक रिपोर्ट देने के मामले में इंस्पेक्टर सतरिख के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किया है। इस वारंट के बाद इंस्पेक्टर दो दिन के अवकाश पर चले गए हैं। कोर्ट ने अगली सुनवाई की तिथि 27 जनवरी तय की है। कोर्ट के समक्ष सीओ सदर ने शुक्रवार को पेश होकर बताया कि इंस्पेक्टर की तलाश में छापे मारे जा रहे हैं।
कोर्ट ने इससे पहले इंस्पेक्टर सतरिख को कोर्ट के समक्ष पेश करने की तिथि 18 जनवरी तय की थी। मामला सतरिख थाना के ही बेलझरिया निवासी रमेश चंद्र यादव की पत्नी रीता देवी से जुड़ा है। रीता के वकील एसडी शर्मा ने बताया कि रीता ने 23 अक्टूबर को सीजेएम कोर्ट में एक प्रार्थनापत्र दिया था। इसमें उसने कहा था कि उसके घर पर पुलिस ने दबिश दी। मारपीट कर उसके पति की बाइक उठा ले गई। इस पर कोर्ट ने तीन बार सतरिख पुलिस से बाइक को लेकर रिपोर्ट मांगी। कोई जवाब नहीं दिया गया।
फिर एक रिपोर्ट दी गई और उसमें कहा गया कि यह बाइक किसी मामले में वांछित नहीं है और न ही पुलिस के पास है। रीता ने इसका विरोध किया। इस पर सीजेएम ने एक जांच कमेटी भेजकर सत्यता परखी। इसमें कमेटी ने पाया कि संबंधित बाइक थाना सतरिख में ही खड़ी है। इसकी फोटो व वीडियो कोर्ट के सामने पेश किया। इस पर कोर्ट ने इंस्पेक्टर सतरिख बृजेश वर्मा के खिलाफ कोर्ट के प्रति उपेक्षापूर्ण कार्य व लापरवाही का केस अपनी कोर्ट में दर्ज कर लिया।
इसके बाद सीजेएम ने एसपी को पत्र लिखकर जांच व कार्रवाई की सिफारिश की। साथ ही यह भी कहा कि इंस्पेक्टर सतरिख कोर्ट में उपस्थित होकर जवाब दें। इस बीच पुलिस ने बाइक को लावारिस मिलने की रिपोर्ट कोर्ट के समक्ष दी पर इंस्पेक्टर पेश नहीं हुए। इधर सीओ सदर रामसूरत सोनकर ने बताया कि कोर्ट के आदेश पर थाना सतरिख में दबिश दी गई। पता चला कि वह दो दिन के अवकाश पर हैं। उन्होंने बताया कि न्यायालय के आदेश का अनुपालन किया जाएगा।