योगी सरकार में मंत्री स्वाति सिंह व उनके परिवार की महिलाओं के खिलाफ अभद्र भाषा व अपमानजनक टिप्पणी मामले में बसपा के पूर्व राष्ट्रीय महासचिव नसीमुद्दीन सिद्दीकी और रामअचल राजभर को बुधवार को जमानत मिल गई है।
एमपीएमएलए कोर्ट के विशेष न्यायाधीश पवन कुमार रॉय के दोनों आरोपियों को 20-20 हजार की दो जमानत और 20 हजार रुपये का मुचलका दाखिल करने पर रिहा करने का आदेश दिया है।
इस मामले में 19 जनवरी को इस मामले में नसीमुद्दीन व राम अचल ने कोर्ट में आत्मसमर्पण कर दिया था। इसके बाद आरोपियों की ओर से नियमित जमानत अर्जी के साथ ही अंतरिम जमानत की मांग वाली अर्जी दी गई थी। इसे कोर्ट अंतरिम जमानत की अर्जी को खारिज कर दिया था। वहीं, नियमित जमानत पर सुनवाई की तारीख तय करते हुए आरोपियों को जेल भेज दिया था।
गौरतलब है कि स्वाति सिंह की सास तेतरा देवी ने 21 जुलाई 2016 को हजरतगंज थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसमें कहा था कि नसीमुद्दीन, राम अचल, मेवालाल गौतम, नौशाद अली व अतर सिंह राव ने उनकी बहू और परिवार की महिलाओं पर अभद्र भाषा का प्रयोग व अपमानजनक टिप्पणी की है।