विजिलेंस के आगरा सेक्टर ने शासन के निर्देश पर राकेश कुमार मित्तल की संपत्तियों की खुली जांच की थी, जिसमें उनकी कुल वैध आय से तीन गुना अधिक रकम से चल-अचल संपत्तियां अर्जित करने के पुख्ता प्रमाण मिले थे।
फिरोजाबाद नगर निगम के पूर्व मुख्य अभियंता राकेश कुमार मित्तल (अब सेवानिवृत्त) के खिलाफ विजिलेंस ने आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने का केस दर्ज किया है। विजिलेंस के आगरा सेक्टर ने शासन के निर्देश पर राकेश कुमार मित्तल की संपत्तियों की खुली जांच की थी, जिसमें उनकी कुल वैध आय से तीन गुना अधिक रकम से चल-अचल संपत्तियां अर्जित करने के पुख्ता प्रमाण मिले थे। तत्पश्चात विजिलेंस ने उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज करने की अनुमति शासन से मांगी थी।
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बता दें कि शासन ने 10 जनवरी 2022 को राकेश कुमार मित्तल की संपत्तियों की खुली जांच करने का आदेश विजिलेंस को दिया था। जांच में पाया गया कि मेरठ निवासी फिरोजाबाद नगर निगम के तत्कालीन मुख्य अभियंता राकेश कुमार मित्तल ने समस्त वैध स्रोतों से 1.12 करोड़ रुपये अर्जित किए, जबकि उन्होंने चल-अचल संपत्तियों को अर्जित करने और भरण-पोषण में 3.62 करोड़ रुपये व्यय किए। इस तरह उन्होंने अपनी वैध आय से करीब 2.50 करोड़ रुपये अधिक व्यय किए।
जब इस अंतर के बारे में उनसे जवाब तलब किया गया तो वह कोई संतोषजनक उत्तर नहीं दे सके। करीब दो साल तक चली खुली जांच के बाद विजिलेंस ने अपनी रिपोर्ट शासन को देकर उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज कर विवेचना शुरू करने की अनुमति मांगी। शासन ने 20 फरवरी को अनुमति प्रदान कर दी, जिसके बाद विजिलेंस के आगरा सेक्टर ने राकेश कुमार मित्तल के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धाराओं पर मुकदमा दर्ज कर लिया।