ज्योति की हत्या के बाद उसके घर से मिली डायरी (आत्मकथा) खुद ज्योति ने ही लिखी थी। फोरेंसिक लैब लखनऊ में हैंड राइटिंग मिलाने की जांच पूरी हो गई है।
सूत्रों की मानें तो आत्मकथा और नमूने के तौर पर ली गई नोट बुक की लिखावट मेल खा गई है। इससे अब हत्यारोपी पति पीयूष और उसकी महिला मित्र की मुश्किलें बढ़ सकती हैं।
ज्योति की हत्या के बाद स्वरूप नगर पुलिस को उसके पांडु नगर स्थित घर की छानबीन में ज्योति के कमरे से डायरी मिली थी। इसमें ज्योति के वैवाहिक जीवन और पति पीयूष की कारगुजारियों का जिक्र था।
अपरोक्ष रूप से पीयूष और मनीषा माखीजा के संबंधों के बारे में लिखा था। इसके बाद पुलिस टीम ने ज्योति के मायके जबलपुर जाकर उसकी हस्तलिखित एक नोट बुक हासिल की थी।