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UP: युवती को अगवा कर मोमबत्ती से दागा, बंधक बनाकर दीं यातनाएं; फिर सादे कागज पर दस्तखत कराए और जंगल में फेंका

Wed, 28 Jun 2023 11:49 AM IST
शाहरुख खान अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ

सार

लखनऊ में मुकदमा वापस लेने के लिए युवती को अगवा कर यातनाएं दी गईं। युवती को मोमबत्ती से दागा गया। इसके बाद सादे कागज पर दस्तखत कराने की कोशिश की गई। मामले में पुलिस ने सात पर एफआईआर दर्ज की है। 
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सांकेतिक तस्वीर
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विस्तार
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लखनऊ के इंदिरानगर इलाके की युवती को बृहस्पतिवार को अगवा कर लिया गया। एक सुनसान कमरे में बंधक बनाकर यातनाएं दीं। शरीर पर मोमबत्ती से जलाते हुए सादे कागज पर दस्तखत करा लिया गया। इसके बाद बदहवास हालत में कुकरैल जंगल में फेंक दिया गया। 
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युवती ने गाजीपुर थाने में तीन नामजद सहित साल लोगों के लिए एफआईआर दर्ज कराई है। पीड़िता के मुताबिक एक पुराने केस को वापस कराने के लिए वारदात अंजाम दी गई। इंदिरानगर सेक्टर-8 निवासी युवती के मुताबिक वह 22 जून की दोपहर 3.30 बजे मड़ियांव जाने के लिए ऑटो का इंतजार कर रही थी। 

इसी बीच एक अंजान युवक उसके पास आकर पुराने मुकदमे के संबंध में बात करने लगा। उसने विरोध किया तो उसे नशीला इंजेक्शन देकर बेहोश कर दिया। कुछ देर बाद होश आया तो वह एक कमरे में बंद थी। उसके हाथ-पैर बंधे थे। कुछ देर बाद एक आदमी पहुंचा और एक सादे कागज पर दस्तखत कराने की कोशिश की। 
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विरोध करने पर उसकी पिटाई की। इसी बीच एक कॉल आई तो वह बात करते हुए बाहर चला गया। युवती ने सिर्फ इतना सुना कि वह व्यक्ति कॉल करने वाले को कह रहा था कि विनय भाई आप परेशान न हो, हम संभाल लेंगे। कुछ देर बाद दो लोग कमरे में आए और उसे पीटना शुरू कर दिया।
 

मोमबत्ती से शरीर पर कई जगह जलाया

युवती के मुताबिक आरोपियों में एक ने उसका हाथ पकड़ा। दूसरे ने मोमबत्ती जलाकर हाथ पर जलाने लगा। इसके बाद जबरदस्ती नींद की गोलियां खिला दीं। दूसरे दिन सुबह फिर से कागज पर दस्तखत करने का दबाव बनाया गया। विरोध करने पर युवती के कपड़े उतार दिए और नुकीले हथियार से शरीर पर कई जगह वार किया गया। 

 

इसके बाद दोबारा उसे नींद की गोलियां खिला दीं। आरोप है कि इस दौरान उसके साथ अश्लील हरकतें की गईं। उसके निजी अंगों पर घाव पहुंचाया गया और मोमबत्ती से जलाया गया। बेहोशी की हालत में ही सादे कागज पर दस्तखत करा लिया। रात में होश आने पर बाल पकड़ कर खींचा और सिर दीवार से टकरा दिया।

बेसुध हालत में कुकरैल जंगल में फेंका
युवती के मुताबिक आरोपियों ने धमकी देकर कपड़े पहनने को कहा। इसके बाद एक गाड़ी में डालकर ले जाने लगे। रास्ते में आरोपियों ने सोने की चेन, लॉकेट, पर्स में रखे 12 हजार रुपये, मोबाइल व घड़ी छीन ली। पीड़िता के मुंह पर टेप लगा रखा था। कुकरैल जंगल में गाड़ी से घसीटकर निकाला और हाथ पीछे की तरफ बांध बदहवास हालत में जंगल में फेंक कर फरार हो गए। आसपास के लोगों ने पुलिस को सूचना दी। पुलिस वहां से लेकर आई।

पांच साल पहले दर्ज कराया केस
युवती के मुताबिक उसने विनय गोपलानी पर एससी-एसटी एक्ट का केस 2018 में दर्ज कराया था। इसे वापस लेने के लिए विनय का छोटा भाई कमल गोपलानी कई सप्ताह से दबाव बना रहा था और धमकी दे रहा था। इसकी शिकायत कमिश्नरेट कार्यालय में भी की थी। केस वापस नहीं लिया तो विनय व उसकी पत्नी पायल ने रास्ते में रोककर जान से मारने की धमकी दी थी।
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युवती के मुताबिक इस वारदात को विनय गोपलानी, कमल गोपलानी व पायल गोपलानी ने अपने तीन-चार अन्य साथियों संग मिलकर अंजाम दिया है। प्रभारी निरीक्षक गाजीपुर सुनील कुमार सिंह के मुताबिक विनय, कमल व पायल के साथ चार अन्य के खिलाफ साजिश रचने, अपहरण, बंधक बनाने, छेड़छाड़, धमकी देने, लूटपाट, एससी-एसटी एक्ट के तहत केस दर्ज कर मामले की जांच की जा रही है।
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