करोड़ों के टेंडर को लेकर विभाग के ही आला अफसर के साथ कई महीने से खींचतान के बाद नगरीय विकास अभिकरण (डूडा) की परियोजना अधिकारी गुरुवार को अचानक छुट्टी पर चली गईं और सरकारी फोन भी बंद कर लिया।
जिन आला अफसर से विवाद हुआ वह वही हैं, जिनकी पत्नी ने एक साल पहले घर में ही आत्महत्या कर ली थी। मामला टेंडर से जुड़ा होने के कारण इसे दबाया भी जा रहा है। नियमों से हटकर चहेतों को टेंडर दिए जाने को लेकर डूडा अक्सर सुर्खियों में रहा है।
डेढ़ साल पहले करोड़ों के टेंडर नियम दरकिनार कर चहेते ठेकेदारों को देने का मामला सामने आ चुका है। इसमें एक लिपिक पर कार्रवाई कर मामले को दबा दिया गया था। अब जो नया मामला सामने आया है, उसकी भी असल जड़ दो अफसरों के बीच मनचाहे ठेकेदारों को टेंडर दिए जाने का विवाद ही है।