फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

रक्तदाताओं के लिए बनेगा केंद्रीकृत पोर्टल

विज्ञापन
विज्ञापन
लोगों की जान बचाने वाले रक्तदाताओं के बारे में जानकारी देने के लिए अब केंद्रीकृत पोर्टल तैयार किया जाएगा। इस पर विभिन्न रक्तसमूह के रक्तदाताओं का ब्यौरा होगा। इससे जरूरतमंदों को उन तक पहुंचने में आसानी होगी। इस पोर्टल का उपयोग खून की कालाबाजारी तथा अन्य दुरुपयोग रोकने में भी किया जा सकेगा। चिकित्सा शिक्षा विभाग के सचिव जीएस प्रियदर्शी ने बुधवार को राजभवन में यह जानकारी दी। वे राजभवन में विश्व एड्स दिवस पर आयोजित कार्यक्रम में उपस्थित थे। इस मौके पर मुख्य अतिथि राज्यपाल आनंदीनबेन पटेल ने रक्तदान एवं एड्स जागरूकता रैली को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। यह रैली जीपीओ तक जाकर वापस राजभवन आई।
विज्ञापन

राज्यपाल ने सभी विश्वविद्यालय और कॉलेजों में अनिवार्य रूप से रक्तदान शिविर आयोजित करने के लिए कहा है। इसके साथ ही उन्होंने लोगों से अंगदान के लिए भी आगे आने की अपील की। उनके अनुसार रक्तदान और अंगदान के प्रति जागरूक होकर काफी लोगों को नया जीवन दिया जा सकता है। वित्त और चिकित्सा शिक्षा मंत्री सुरेश खन्ना ने इस मौके पर कहा कि एचआईवी-एड्स के खिलाफ जागरूकता ही बचाव का सबसे अच्छा माध्यम है। हम लोग कोई ऐसा काम न करें जो हमें बीमार बनाये। केजीएमयू के कुलपति ले. जनरल डॉ. बिपिन पुरी ने बताया कि विवि एचआईवी-एड्स से पीड़ित लोगों को इलाज देने के साथ ही काउंसलिंग भी दे रहा है। कार्यक्रम की आयोजक तथा केजीएमू के ब्लड ट्रांसफ्यूजन विभाग की विभागाध्यक्ष प्रो. तूलिका चंद्रा ने बताया कि यह देश का सबसे बड़ा ब्लड बैंक है। यहां हर साल 70 हजार यूनिट रक्त आता है।
चिकित्सा शिक्षा विभाग के सचिव जीएस प्रियदर्शी प्रदेश में ब्लड बैंक की स्टोरेज क्षमता बढ़ाने के लिए और काम किया जा रहा है, जिससे हर किसी को जरूरत के समय खून मिल सके। कार्यक्रम के दौरान केजीएमयू के कुलसचिव आशुतोष कुमार द्विवेदी के साथ ही सीएमएस प्रो. एसएन शंखवार, एमएस डॉ. डी हिमांशु, हेमेटोलॉजी विभाग के विभागाध्यक्ष प्रो. एके त्रिपाठी के अलावा काफी शिक्षक और कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
विज्ञापन

अमर उजाला फाउंडेशन और पुलिस को प्रमाणपत्र
कार्यक्रम के दौरान रक्तदान शिविर आयोजित करके रक्त संग्रहण में सहयोग करने के लिए अमर उजाला फाउंडेशन तथा लखनऊ पुलिस को प्रमाणपत्र प्रदान किया गया। राज्यपाल ने इस मौके पर एचआईवी संक्रमितों के एचआईवी निगेटिव बच्चों को पुरस्कार भी दिए।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें