सपा सरकार अपने विकास कार्यक्रमों और दावों से भले ही सोशल मीडिया में कहीं नहीं हो, लेकिन 'बलात्कार' जैसे शब्द और प्रदेश में बढ़ रही आपराधिक घटनाओं ने इसे सोशल मीडिया में हिट कर दिया है।
बदायूं जिले में हुई घटना की वजह से एक बार फिर सपा सरकार निशाने पर है।
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लोग अखिलेश यादव पर टिप्पणी करने के अलावा मुलायम सिंह यादव के चुनाव पूर्व उस बयान पर भी टिप्पणी कर रहे हैं, जिसमें मुलायम ने 'लड़कों से गलतियां हो जाती हैं' जैसी बात की थी।
टॉप थ्री टॉपिक में यूपी सरकार
शुक्रवार को अचानक सोशल मीडिया पर प्रदेश में बढ़ रही अराजकता और हिंसा की घटनाओं पर लोगों ने कमेंट्स करने शुरू कर दिए।
इस वजह से 'यूपी सरकार' सोशल मीडिया पर ट्रेंड में दिखने लगी। सीएम अखिलेश यादव के ऑफिशियल ट्विटर अकाउंट पर कैरीकेचर्स और ट्वीट्स की बाढ़ सी आ गई।
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इतना ही नहीं, लोगों ने कुछ तीखे सवाल भी अखिलेश यादव से पूछे। अगर ट्विटर के टॉप टेन इंडियन ट्रेंडिंग टॉपिक्स की बात करें, तो तीन टॉपिक बदायूं रेप मर्डर केस और यूपी सरकार के महिलाओं की सुरक्षा न कर पाने से जुड़े हुए हैं।
कुछ ट्वीट्स में कहा गया है कि अगर यूपी सरकार अभी भी नहीं चेती, तो विधानसभा चुनाव में सूपड़ा साफ होना तय है।
ये रहे कुछ ट्वीट्स
गौरव गुप्ता ने अपने ट्वीट में कहा है कि अखिलेश और मुलायम दोनों काम करना शुरू कर दें या अपने बुरे दिन के लिए तैयार हो जाएं। अमित शाह ने तो चुनाव पूर्व रैली में कह दिया था कि सरकार बनने के बाद यूपी सरकार एक महीने में गिर जाएगी।
वहीं भारत की पहली महिला आईपीएस किरन बेदी ने भी ट्वीट किया है। बेदी का ट्वीट है, 'अच्छी वजहों से यूपी सरकार ट्रेंडिंग में हो, मैंने ऐसा कभी नहीं सुना है। अखिलेश यादव कृपया आप इस्तीफा दे दें और गुंडाराज खत्म करें।'
ललित चौधरी ने अपने ट्वीट में कहा है, मां-बेटे के बाद अब बारी बाप-बेटे की है। बाप-बेटे और यूपी सरकार को अब भारत से बाहर फेंक देना चाहिए।
कमाल आर खान का ट्वीट है, यूपी सरकार महिलाओं से ज्यादा आजम खां की भैंस को सम्मान देती है।
बढ़ रहा है क्राइम ग्राफ
प्रदेश में पिछले कुछ महीनों में बलात्कार की घटनाओं में तेजी आई है। अगर बात सिर्फ मई की करें तो चौंकाने वाले आंकड़े मिलते हैं।
बीती 11 मई को इटावा में एक लड़की के साथ उसके करीबी ने बलात्कार किया। वहीं कानपुर देहात में एक पन्द्रह साल की लड़की के साथ 25 मई को चार लोगों ने गैंगरेप किया।
28 मई को दो चचेरी बहनों के साथ बदायूं में बलात्कार किया गया और फिर उनकी हत्याकर पेड़ से लटका दिया गया। उसी दिन इलाहाबाद में सात साल की मासूम के साथ 11 साल के बच्चे ने रेप किया।
30 मई को मुलायम सिंह यादव के संसदीय क्षेत्र आजमगढ़ के सरायमीर इलाके में एक दलित लड़की के साथ चार लोगों ने बलात्कार किया।
उसी दिन श्रावस्ती जिले के माल्हीपुर गांव में एक गूंगी और बहरी लड़की के साथ बलात्कार की घटना हुई।
सपा सरकार के प्रवक्ता ने क्या दिया बयान
बदायूं गैंग रेप कांड पर सरकार के प्रवक्ता ने बेतुका बयान देकर मामले पर सरकार की संवेदनहीनता का प्रमाण दिया है।
प्रदेश में आए दिन हो रही बलात्कार की घटनाओं पर सरकार ने एक बेतुका बयान दिया है।
नियमित प्रेस ब्रीफिंग में गृह विभाग के प्रवक्ता ने कहा कि, इसमें कोई नई बात नहीं है, नेशनल क्राइम रिकॉर्ड ब्यूरो के आंकड़े भी बताते हैं कि यहां दुराचार की रोजाना 10 घटनाएं होती हैं, इसके बावजूद यूपी क्राइम रेट में 22वें नंबर पर है। यानी 21 राज्यों में यूपी के मुकाबले ज्यादा अपराध है।