जानकारी के मुताबिक पार्टी ने विधायकों के तर्क से सहमत होते हुए अधिकांश जगह उनकी पसंद से उम्मीदवार चयन किया है। पार्टी ने स्पष्ट कर दिया है कि विधायकों की मर्जी के मुताबिक टिकट देने के बाद भी जीत नहीं मिलती है तो इसके लिए संबंधित विधायक ही जिम्मेदार होंगे।
सूत्रों के मुताबिक कुछ जगह विधायकों के खिलाफ संगठन की ओर से शिकायत मिली कि वहां विधायक की सिफारिश को खारिज भी किया गया है। जहां कहीं जिलाध्यक्ष व विधायक या विधायक एवं सांसद के बीच उम्मीदवार को लेकर टकराव की स्थिति रही वहां पर पार्टी ने अपना अधिकृत उम्मीदवार घोषित नहीं किया है।
उम्मीदवार चयन पर पूरे दिन मंथन
भाजपा प्रदेश मुख्यालय में दिनभर चली बैठक में ब्लॉक प्रमुख चुनाव के उम्मीदवार चयन के लिए क्षेत्रवार मंथन किया गया। क्षेत्रीय अध्यक्ष और क्षेत्रीय प्रभारी की ओर से तैयार पैनल और विधायकों की सिफारिश के आधार पर विचार विमर्श कर प्रत्याशी चयन किया गया। बैठक में प्रदेश महामंत्री संगठन सुनील बंसल, पंचायत चुनाव प्रभारी जेपीएस राठौर, प्रदेश महामंत्री अमरपाल मौर्य, सुब्रत पाठक, प्रियंका रावत आदि मौजूद थे।