टिकैतनगर थाना क्षेत्र की एक महिला पति के साथ दिल्ली जाने के बाद पांच महीने से लापता है। दिल्ली में छानबीन करने के बाद वापस लौटे भाई ने रामसनेहीघाट कोतवाली में बहनोई समेत चार लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। भाई का आरोप है कि उसकी बहन का धर्म परिवर्तन कराने के बाद बेच दिया गया है। भाई ने हत्या, दुष्कर्म और अंग बेचे जाने की आशंका जताई है। पुलिस जांच कर रही है।
रामसनेहीघाट कोतवाली क्षेत्र के गांव के युवक ने अदालत में धारा 156 के तहत प्रार्थना पत्र देकर बताया कि उसके बहन की शादी आठ साल पहले टिकैतनगर थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी सुनील कुमार से हुई थी। सुनील का मकान पुरानी दिल्ली के सागरपुर कोतवाली इलाके में भी है। शादी के बाद ससुरालवाले बहन को दिल्ली ले गए थे। वहां बहन से दहेज में कार व एक लाख रुपए की मांग को लेकर प्रताड़ित करना शुरू किया।
बहन को सिलाई की दुकान पर मजदूरी करवाई। सूचना मिलने के बाद विवाहिता के पिता बीते 11 मार्च को उसे र मायके ले आए। 16 मार्च को सुनील दिल्ली निवासी अपने साथी नूर आलम के साथ फिर अपनी ससुराल आया और अगले दिन विवाहिता को लेकर फिर दिल्ली चला गया। लेकिन कई दिन तक बहन का फोन नहीं आने पर 12 मई को भाई और अन्य परिजन दिल्ली पहुंचे तो सुनील ने बताया कि विवाहिता कहीं भाग गई है। इसके बारे में नूर आलम से पूछो।
लापता विवाहिता के भाई ने अदालत से बताया कि उसे पूरा विश्वास है कि उसकी बहन का धर्म परिवर्तन कराकर बेच दिया गया है। आशंका जताई कि बहन की हत्या हो गई या दुष्कर्म कर उसके अंग बेच दिए गए। भाई ने आरोप लगाया कि उनकी शिकायतों को पुलिस नजरअंदाज कर दिया। बहन की ससुराल वाले हत्या की धमकी दे रहे हैं। आखिरकार अदालत के आदेश पर शुक्रवार को रामसनेहीघाट कोतवाली में पति सुनील, इसके साथी नूर आलम और दो अन्य ससुरालियों पर केस दर्ज किया गया। एसएचओ अजय कुमार त्रिपाठी ने बताया कि जांच की जा रही हैं।