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बीएड प्रवेश परीक्षा : किसान का बेटा बना टॉपर, लखनऊ के ओम भुवन को 7वीं रैंक

Sat, 05 Sep 2020 08:38 PM IST
पंकज श्रीवास्‍तव न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
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पंकज कुमार - फोटो : अमर उजाला
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लखनऊ विश्वविद्यालय की ओर से आयोजित बीएड संयुक्त प्रवेश परीक्षा में किसान के बेटे पंकज कुमार ने अपनी प्रतिभा का परचम लहराया है। सीतापुर के पंकज के पिता श्याम सुंदर किसान व मां सरोजनी देवी गृहिणी हैं। वहीं लखनऊ के ओम भुवन राय ने परीक्षा में 7वां स्थान हासिल करके राजधानी टॉप किया है। झांसी की मनीषा मिश्रा बालिका वर्ग की टॉपर रहीं।  टॉपर पंकज ने अपनी पढ़ाई लखनऊ विश्वविद्यालय से ही की है। 2015 में उन्होंने यहीं से बीए की परीक्षा प्रथम श्रेणी में पास की। इसके बाद प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने लगे। पंकज ने कहा कि उन्होंने कभी नहीं सोचा था कि बीएड प्रवेश परीक्षा में टॉप करेंगे। वह लखनऊ में दाखिला लेंगे या फिर सीतापुर में अभी यह तय नहीं किया है। इसका फैसला वह अपनी आर्थिक स्थिति देखकर ही करेंगे। फिलहाल पंकज का पहला लक्ष्य बीएड करके सरकारी नौकरी हासिल करना है। इसके बाद ही वह अगला लक्ष्य तय करेंगे।     
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टॉप-10 में दो बेटियां
1- पंकज कुमार   299  सीतापुर
2- अजय कुमार 295 सीतामढ़ी
3- अमर सिंह 295 आजमगढ़
4-  मनीषा मिश्रा 293 झांसी
5- सुयश दीक्षित 291 हरदोई
6- प्रशांत यादव 291 गाजीपुर
7- ओम भुवन राय 291 लखनऊ
8- मो. आजम खान 288 मेरठ
9- नेहा अग्रवाल 288 फिरोजाबाद
10- राम अवतार 288 आगरा

प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी का मिला फायदा
मैं इलाहाबाद में रहकर प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहा था। इसका फायदा बीएड प्रवेश परीक्षा में मिला। मेरा मानना है कि परीक्षा की तैयारी के लिए विषय के साथ सामान्य ज्ञान पर भी ध्यान देना चाहिए। तभी सफलता हासिल होगी। मेरे पिता कृष्णानंद राय पुलिस में जबकि मां सुमन राय गृहिणी हैं।
- ओम भुवन राय, 7वीं रैंक


सिविल सेवा है लक्ष्य
मेरा लक्ष्य सिविल सेवा में सफलता हासिल करना है। इसके लिए मैंने तैयारी शुरू कर दी है। फिलहाल मैं बीएड करना चाहती हूं। प्रवेश परीक्षा दी थी पर इसका अंदाजा नहीं था कि बालिका वर्ग में प्रथम और पूरे प्रदेश में चौथा स्थान मिलेगा। अपनी सफलता का श्रेय मैं अपने पिता बिपिन कुमार मिश्रा तथा मां अलका मिश्रा को देना चाहती हूं।  
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- मनीषा मिश्रा, महिला वर्ग में पहली


सिविल सेवा है ज्यादातर टॉपर्स का लक्ष्य
बीएड प्रवेश परीक्षा में पहले 10 स्थान पर रहने वाले ज्यादातर मेधावी सिविल सेवा में अपना कॅरिअर बनाना चाहते हैं। पहले स्थान पर रहने वाले पंकज कुमार को छोड़ दें तो दूसरे स्थान पर आने वाले अजय कुमार सिविल सेवा में जाना चाहते हैं। वे मूलरूप से बिहार के हैं तथा बीएचयू से पढ़ाई की है। मनीषा मिश्रा भी सिविल सेवा में जाना चाहती हैं। 5वां स्थान हासिल करने वाले हरदोई के सुयश दीक्षित भी प्रशासनिक सेवा में जाना चाहते हैं।
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