मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा कि उनका भाग्य डिम्पल यादव से शादी के बाद खुला। नवंबर 1999 में उनकी शादी हुई और फरवरी 2000 में सांसद चुने गए। वह सबसे कम उम्र के सांसद थे। ऐसी किस्मत खुली कि मुख्यमंत्री के पद तक पहुंच गए।
अखिलेश यादव शुक्रवार को राजधानी में आयोजित एक कार्यक्रम में बोल रहे थे, जिसमें उन्होंने विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान के लिए 12 महिलाओं को देवी अवार्ड से सम्मानित किया।
उन्होंने कहा कि उनकी कोशिश रही है कि समाजवादी पार्टी और सरकार में महिलाओं की भागीदारी बढ़े। 2017 के विधानसभा चुनाव में महिलाओं को ज्यादा टिकट देंगे। वहीं चुनाव जीतने वाली महिलाओं को ज्यादा मौके दिए जाएंगे।
आगे उन्होंने कहा कि आधी आबादी की उपेक्षा करके कोई भी देश या प्रदेश आगे नहीं बढ़ सकता। जिस परिवार और समाज में महिलाएं सुखी नहीं हैं, वह आगे नहीं बढ़ सकता। इस काम में सरकार की भी जिम्मेदारी है और समाज की भी। जब तक महिलाओं की सुरक्षा, स्वास्थ्य और पोषण पर बहस नहीं छिड़ेगी, समाज तरक्की नहीं कर सकता। प्रदेश में 45 लाख महिलाओं को समाजवादी पेंशन दी जा रही है। 12वीं के बाद पढ़ने वाली लड़कियों को विद्या धन दिया जा रहा है।
रानी लक्ष्मीबाई अवार्ड शुरू किया गया है। वीमेन पावरलाइन 1090 के जरिये तीन लाख से ज्यादा महिलाओं की मदद की जा चुकी है। सपा सरकार बनने के बाद लैपटॉप वितरण योजना का सबसे ज्यादा लाभ लड़कियों को मिला।
इन्हें मिला देवी अवार्ड
अरुणिमा सिन्हा, प्रो. दिव्या मेहरोत्रा, इरा त्रिवेदी, कविता सेठ, किंजल सिंह, रेनु सिंह, किरण दीक्षित, रुना बनर्जी, सहबा हुसैन, शचि सिंह, जरीना भट्ठी, शिखा द्विवेदी।