पीडीपी अध्यक्ष महबूबा मुफ्ती ने कहा कि मोदी सरकार ने कश्मीरी पंडित विस्थापितों की घाटी में सम्मानजनक वापसी के माहौल को बिगाड़ दिया है। भाजपा कश्मीरी पंडितों के दर्द को हथियार बनाकर केवल देश में वोट बटोरने का काम करती है, लेकिन उसे कश्मीरी पंडितों की समस्याओं से कोई लेना-देना नहीं है। जम्मू में पार्टी कार्यालय में कश्मीरी पंडित विस्थापितों के प्रतिनिधिमंडल से बातचीत के दौरान महबूबा ने यह बात कही। उन्होंने कहा कि घाटी में कश्मीरी पंडितों को निशाना बनाए जाने की सरकार के पास पूर्व सूचना होने के बावजूद भी पर्याप्त कदम नहीं उठाए गए और लक्षित हत्याएं (टारगेट किलिंग) र्हुइं। इससे कश्मीर में काम कर रहे कश्मीरी पंडित कर्मचारियों में असुरक्षा की भावना पैदा हो गई है और वह वहां से जम्मू लौट आए हैं।
विस्थापित कश्मीरी पंडितो से अपील, भाजपा के विभाजनकारी एजेंडे से दूर रहें
पीएम रोजगार पैकेज के तहत विस्थापित युवाओं को रोजगार मुहैया करवाया गया, लेकिन दुर्भाग्य से केंद्र सरकार ने सब बिगाड़ दिया। महबूबा ने विस्थापित कश्मीरी पंडितो से अपील की कि वह भाजपा के विभाजनकारी एजेंडे से दूर रहें। उन्होंने कहा, नई दिल्ली में कुछ स्वार्थी तत्व खुद को कश्मीरी पंडित विस्थापितों का नेता बताकर जहर उगलते हैं लेकिन वह जम्मू-कश्मीर में दिखाई नहीं देते। ऐसे लोगों से बचने की जरूरत है। उन्होंने कहा, कश्मीरी मुस्लिम अपने कश्मीरी पंडित भाइयों की घाटी में सम्मानजनक वापसी चाहते हैं।