जम्मू। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी राष्ट्रीय पंचायत दिवस के अवसर पर 24 अप्रैल को पल्ली में आयोजित रैली में लगभग 58 हजार करोड़ रुपये के विकास परियोजनाओं तथा निवेश की सौगात जम्मू-कश्मीर को देंगे। इतने बड़े पैमाने पर निवेश रोजगार के अवसर खोलेगा। इस साल के अंत तक 75 हजार करोड़ के निवेश का लक्ष्य है, जबकि इससे पूर्व 74 वर्ष में जम्मू-कश्मीर के हिस्से निजी क्षेत्र से कुल 14 हजार करोड़ की निवेश राशि आई।
प्रधानमंत्री की ओर से 2027 करोड़ की लागत वाले काजीगुंड-बनिहाल सुरंग का उद्घाटन, दिल्ली-कटड़ा एक्सप्रेस वे के आठ हजार करोड़ रुपये, 5281 करोड़ के रतले पनबिजली व 4526 करोड़ के क्वार जल विद्युत परियोजना का शुभारंभ करेंगे। 108 जनऔषधि केंद्रों को समर्पित किया जाएगा। भूमि स्वामित्व कार्ड का वितरण लाभार्थियों को किया जाएगा। इसके साथ ही 38082 करोड़ रुपये के औद्योगिक निवेश से जुड़े कागजातों का वितरण किया जाएगा। इसमें विदेशी निवेशक भी शामिल होंगे। इतने व्यापक पैमाने पर निवेश से प्रदेश का औद्योगिक पिछड़ापन दूर होगा। साथ ही लोगों के समक्ष नौकरी व रोजगार के अवसर उपलब्ध होंगे जिससे उन्हें दूसरे राज्यों का रुख नहीं करना पड़ेगा।
डेली वेजर, हेल्थ वर्करों की भी हो सुनवाई
भाजपा के वरिष्ठ नेता देवेंद्र सिंह राणा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की रैली के दौरान एलजी प्रशासन के प्रयासों से इतने बड़े पैमाने पर निवेश रोजगार के अवसर खोलेगा। कहा कि इन सबके साथ ही डेली वेजर वर्करों का मानदेय बढ़ाने के साथ ही नियमितीकरण पर भी फैसला लिया जाना चाहिए। इसी तरह से आशा वर्कर और आंगनबाड़ी वर्करों, नेशनल हेल्थ मिशन के तहत कोविड काल में तैनात युवाओं की सेवाएं भी जारी रखी जानी चाहिए। राणा ने कहा कि हेल्थ वर्कर कर्मियों ने बड़ी भूमिका निभाई है, जिसे सरकार की ओर से उचित ढंग से सराहा भी जाना चाहिए। राणा ने डेली वेजर वर्करों के लंबित मानदेय की सारी राशि जल्द से जल्द जारी करने की मांग की।