जम्मू-कश्मीर सरकार जमीन का रिकॉर्ड देखने के लिए ऑनलाइन सुविधा जल्द शुरू करने जा रही है। पारदर्शिता लाने के लिए अपनी जमीन-अपनी निगरानी कार्यक्रम के तहत राजस्व विभाग रिकॉर्ड पोर्टल पर अपलोड किया जा रहा है।
जम्मू-कश्मीर में जमीन रिकॉर्ड देखने के साथ जल्द ही फर्द और दाखिल-खारिज (म्यूटेशन) की प्रति भी ऑनलाइन ली जा सकेगी। राजस्व विभाग संबंधित रिकॉर्ड को पूरी तरह से पोर्टल पर अपलोड करने की प्रक्रिया चला रहा है। इसे जल्द ही पूरा कर लिया जाएगा।
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राजस्व विभाग के आयुक्त सचिव विजय कुमार बिधूरी ने बताया कि भूमि रिकॉर्ड को नेशनल जेनरिक डॉक्यूमेंट रजिस्ट्रेशन सिस्टम (एनजीडीआरएस) के साथ लिंक किया जा रहा है। इससे एक ही पोर्टल पर राजस्व विभाग की दस्तावेज संबंधी सभी सेवाएं मिल जाएंगी।
आयुक्त सचिव ने कहा कि नई व्यवस्था में प्रयास है कि आम लोगों को विभागीय कार्यालय में न आना पड़े। पारदर्शिता लाने के लिए अपनी जमीन अपनी निगरानी कार्यक्रम के तहत राजस्व विभाग रिकॉर्ड पोर्टल पर अपलोड किया गया है।
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कुछ ही माह में चार लाख से ज्यादा लोगों ने रिकॉर्ड को ऑनलाइन देखा है। अपनी तरह की पहली व्यवस्था में लोग पोर्टल पर लॉगिन कर जमाबंदी, गिरदावरी, दाखिल-खारिज और मुसावी को बिना पटवारी के पास जाए ही ऑनलाइन देख सकते हैं।
मालिक को फोन पर मिलेगी सूचना
बिधूरी के अनुसार राजस्व विभाग का सारा रिकॉर्ड मोबाइल नंबर और आधार कार्ड के साथ लिंक किया जा रहा है। इसके लिए लोग खुद आगे आएं। इस व्यवस्था के तहत भूमि मालिक को जमीन से जुड़े किसी भी समझौते अथवा खरीद-फरोख्त की सूचना तत्काल फोन पर मिल जाएगी।