वरिष्ट कांग्रेस नेता गुलाम नबी आजाद।
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जम्मू कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री गुलाम नबी आजाद की 4 सितंबर को सैनिक फार्म, सैनिक कालोनी में प्रस्तावित जनसभा को सफल बनाने के लिए समर्थक जुटे हुए हैं। आजाद इसी दिन पहुंचकर जनसभा में शिरकत करके अपनी नई राष्ट्रीय स्तर की पार्टी की घोषणा कर सकते हैं। सभा में प्रदेश भर से उनके समर्थक नेताओं और कार्यकर्ताओं के पहुंचने की उम्मीद है।
इस बीच आजाद जम्मू में 6 सितंबर तक रहकर 7 को भद्रवाह चिनाब वैली का दौरा करेंगे। रियासी विधानसभा क्षेत्र से पूर्व विधायक जुगल किशोर शर्मा ने बताया कि आजाद 4 सितंबर को जम्मू पहुंचेंगे और 6 सितंबर तक यहां रहकर अगले दिन 7 सितंबर को भद्रवाह विधानसभा क्षेत्र में अपने लोगों से मिलेंगे। वह जम्मू कश्मीर में अपने नेतृत्व को प्राथमिकता देने के बाद राष्ट्रीय स्तर पर अपने नेतृत्व का विस्तार करेंगे।
हमारी नई पार्टी में धर्मनिरपेक्ष सोच रखने वाले सभी दलों का स्वागत है। उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस के अलावा अन्य दलों के नेता और कार्यकर्ता उनकी पार्टी में शामिल हो सकते हैं। अब तक सैकड़ों कार्यकर्ता कांग्रेस से इस्तीफा दे चुके हैं। वहीं, कांग्रेस के प्रदेशाध्यक्ष विकार रसूल वानी का कहना है कि गुलाम नबी आजाद ने भाजपा के इशारे पर जम्मू में 4 सितंबर को जनसभा रखी है, जबकि कांग्रेस का दिल्ली में महंगाई के खिलाफ हल्ला बोल कार्यक्रम इसी दिन पहले से ही तय है।
आजाद के साथ कुछ लोग गए हैं, जिससे हमें फर्क नहीं पड़ता है। जिन लोगों ने इस्तीफे दिए हैं, उनमें अधिकांश के पास कोई बड़े पद नहीं थे। वे पार्टी की गतिविधियों से पहले ही बाहर थे। जम्मू कश्मीर में पहले ही छोटी मोटी पार्टियां हैं और अब आजाद की एक और पार्टी हो जाएगी। कांग्रेस की जड़ कमजोर नहीं है। कांग्रेस एक समुद्र है, उसमें कोई दस गिलास पानी निकाल भी ले उसे कोई फर्क नहीं पड़ेगा। चेहते आते जाते हैं। आज आजाद के अपने कंधों पर जिम्मेदारी पड़ी है। इससे पहले वह कांग्रेस के ही सहारे चल रहे थे।