दो हजार मामले न्यायालय में विचाराधीन
विभाग के अनुसार न्यायालय में करीब दो हजार मामले विचाराधीन हैं। विभाग की ओर से 13500 निरीक्षण किए गए, जिसमें अंडर 69 के तहत जिला अधिकारियों ने रेहड़ी फड़ी और छोटे दुकानदारों को छह लाख 36 हजार रुपये जुर्माना किया। घटिया और कम गुणवत्ता वाली 55 लाख खाद्य आइटम को मौके पर नष्ट किया गया। सार्वजनिक स्थलों पर सिगरेट व तंबाकू अधिनियम के तहत 30 हजार से अधिक जुर्माना किया गया।
विभाग बढ़ाएगा मोबाइल फूड टेस्टिंग वैन का दायरा
फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन में मोबाइल फूड टेस्टिंग वैन का दायरा बढ़ेगा। विभाग के पास संभाग के दस जिलों के लिए मौजूदा तीन ही वैन उपलब्ध हैं, जबकि तीन नई वैन और लाई गई हैं। इस वैन में आधुनिक उपकरणों में 30 से 45 मिनट में खाद्य सैंपल की जांच रिपोर्ट मिलेगी। खाद्य सैंपलों से संबंधित कोई भी शिकायत को टोल फ्री नंबर 104 पर किया जा सकता है। उधर, विभाग के डिप्टी कमिश्नर मदन लाल मगोत्रा ने कहा कि मिलावट और कम गुणवत्ता वाले खाद्य पदार्थों की बिक्री रोकने के लिए लगातार अभियान चलाया जा रहा है।
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