उधमपुर शहर में डोर टू डोर कंपनी के खिलाफ प्रदर्शन करते रेहड़ी व फड़ी वाले
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उधमपुर। निजी कंपनियों को ठेका देकर घरों से कचरा उठवाने की नगर परिषद की योजना का शहर में असर दिखने लगा है। कचरा उठाने के बदले कंपनी के कर्मचारियों लोगों से मनमाने ढंग से वसूली करना शुरू कर दिया है। इसको लेकर सोमवार को रेहड़ी व फड़ी वालों ने प्रदर्शन किया।
मेटाडोर स्टैंड के नजदीक रेहड़ी व फड़ी वालों ने अरुण के नेतृत्व में कंपनी के खिलाफ नारेबाजी की। प्रदर्शन के दौरान अरुण ने बताया कि कंपनी के कर्मचारी उनसे कचरा उठाने के लिए 100 से 250 रुपये तक वसूल कर रहे हैं। जबकि, नगर परिषद ने इसके लिए कोई दाम निर्धारित नहीं किए हैं। शहर में कुछ रेहड़ियां ऐसी हैं, जो कचरा भी नहीं देतीं। इसके बावजूद उनको पैसा देने के लिए मजबूर किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि कंपनी के कर्मचारियों ने खुद नियम बनाया है। जिसके तहत लाइसेंस वाली रेहड़ियों से सौ और बिना लाइसेंस वालों से ढाई सौ रुपये वसूले जा रहे हैं। जो पैसा देने से इंकार कर रहा है, उसको सख्त कार्रवाई करने की धमकी दी जा रही है। अगर सबकी रेहड़ी एक जैसी है तो दाम अलग अलग क्यों वसूला जा रहा है? नगर परिषद ने एक दुकान के सौ रुपये निर्धारित किए हैं। लेकिन, कंपनी ने रेहड़ी व फड़ी वालों को भी दुकानदार की श्रेणी में रख कर वसूली करना शुरू कर दिया है।
प्रदर्शनकारियों ने कहा कि वे प्रदर्शन कर अपनी मांग व परेशानी को प्रशासन तक पहुंचाने का प्रयास कर रहे हैं। उनकी मांग है कि नगर परिषद एक मूल्य सूची जारी करे, जिसमें कचरा उठाने के लिए निर्धारित राशि का पूरा ब्योरा हो। उस सूची को कंपनी के कर्मचारियों को भी दिया जाए। अगर कंपनी ने अपनी मनमानि को बंद नहीं किया, तो प्रदर्शन उग्र होगा।