श्रीनगर। गृह मामलों की संसदीय स्थायी समिति ने बुधवार को जम्मू-कश्मीर प्रशासन, स्थानीय निकाय, व्यापारियों, उद्योग, पर्यटन आदि से जुड़े प्रतिनिधियों से मुलाकात कर उनकी समस्याओं और मुद्दों को जाना। समिति ने अपनी रिपोर्ट में इन सभी के सुझावों को शामिल करने का आश्वासन दिया।
समिति ने बुनियादी ढांचे, विकास, रोजगार के अवसर, व्यापार, पर्यटन, सरकारी योजनाओं और अन्य मुद्दों पर विचार-विमर्श किया। प्रतिनिधियों ने कोरोना महामारी के कारण उद्योगों को आ रही कठिनाइयों पर प्रकाश डाला। उन्होंने प्रदेश में उद्योगों की स्थिरता के लिए ऋण, प्रोत्साहन राशि, स्कीमों आदि के संबंध में कई सुझाव और सिफारिशें दीं। पंचायती राज संस्थाओं के प्रतिनिधियों ने 73वें और 74वें संशोधन के अनुसार अपने सशक्तिकरण पर विचार रखे। स्थानीय निकाय प्रतिनिधियों में
श्रीनगर के मेयर, विभिन्न नगर समितियों और परिषदों के अध्यक्ष और उपाध्यक्ष शामिल थे। बता दें कि लोकसभा और राज्यसभा के 28 सांसदों वाली इस समिति की अध्यक्षता वरिष्ठ कांग्रेस नेता और सांसद आनंद शर्मा कर रहे हैं।
बैठकों के दौरान प्रमुख सचिव गृह शालीन काबरा, प्रमुख सचिव आवास एवं शहरी विकास विभाग धीरज गुप्ता, प्रमुख सचिव उद्योग एवं वाणिज्य रंजन प्रकाश ठाकुर, आयुक्त सचिव श्रम एवं रोजगार सरिता चौहान, संभागीय आयुक्त कश्मीर पांडुरंग के पोले, सचिव योजना, विकास और निगरानी सुषमा चौहान, सीईओ मिशन यूथ जम्मू-कश्मीर डॉ. शाहिद इकबाल चौधरी, सचिव पर्यटन और संस्कृति सरमद हफीज, मिशन निदेशक ग्रामीण आजीविका मिशन डॉ. सैयद सेहरिश असगर और अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।
संसदीय कमेटी गुलमर्ग पहुंची
जम्मू। संसदीय स्टैंडिंग कमेट ने बुधवार को कश्मीर के गुलमर्ग का दौरा कर स्वच्छ भारत मिशन पर हो रहे कार्य का जायजा लिया।
सरदार प्रताप सिंह बाजवा की अध्यक्षता में 12 सदस्यीय कमेटी ने जेएंडके प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्डऔर जिला प्रशासन के अधिकारियों से स्वच्छ भारत मिशन के लक्ष्य को पूरा करने के लिए उठाए जा रहे कदमों की जानकारी ली।
इस अवसर पर संसदीय कमेटी को बताया गया कि विश्व प्रसिद्ध गुलमर्ग में हर साल लाखों की संख्या में देशी व विदेशी पर्यटन पहुंचते हैं। पर्यटन स्थल को साफ सुथरा बनाए रखने के लिए तीन टन प्रतिदिन की क्षूता वाले सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट को गुलमर्ग विकास प्राधिकरण की तरफ से स्थापित किया गया हैैं।
होटल, हट, दुकानों व पर्यटन स्थल के विभिनन क्षेत्रों से प्रतिदिन डोर टू डोर कचरे का एकत्रिकरण किया जाता हैं। प्रतिदिन करीब दस क्विंटल सूखा व गीला कचरा एकत्र किया जाता हैं। जम्मू कश्मीर प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के चेयरमैन सुरेश चुघ ने कमेटी को बताया कि गुलमर्ग में प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की मंजूरी के बाद ही व्यापार को शुरू किया जाता हैं।