सुकराला माता के दरबार में दर्शन पाने के लिए कतार में खड़े श्रद्धालु। संवाद
- फोटो : KATHUA
कठुआ। चैत्र प्रतिपदा के साथ नौ दिनों तक चलने वाले जगतजननी के पूजन के पर्व चैत्र नवरात्र का आगाज हो गया है। पर्व के पहले दिन सुबह से ही जिला भर के देवी मंदिरों में श्रद्धालुओं के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया। इससे मंदिरों में श्रद्धालुओं के जयघोष और घंटी-घड़ियाल गूंजने लगे है। मंदिरों में पहले ही दिन भक्तों की कतारें लगी रहीं। इस बीच माता के जयकारों से माहौल भक्तिमय बना रहा। पिछले दो सालों से कोरोना प्रतिबंधों के कारण मंदिरों में कम रही भक्तों की भीड़ इस बार कुछ ज्यादा देखने को मिल रही है। सबसे ज्यादा श्रद्धालु महाकाली मंदिर जसरोटा पहुंचे। यहां करीब दस हजार भक्तों ने माता के दर्शन किए।
भक्तों के उत्साह का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि दिन के समय तापमान बढ़ने के कारण भीषण गर्मी के बावजूद बड़ी संख्या में भक्त देवी मंदिरों में पहुंच रहे हैं। शहर के बीचों बीच स्थित माता आशापूर्णी मंदिर में श्रद्धालुओं ने दर्शन के लिए अपनी बारी का इंतजार करते नजर आए। बाला सुंदरी मंदिर नगरी में जहां ढाई हजार श्रद्धालुओं ने माथा टेका, वहीं बाला सुंदरी मंदिर बिलावर में 45 सौ श्रद्धालु पहुंचे। शेर कोटला मंदिर में भी करीब साढे़ छह सौ श्रद्धालुओं ने पूजा-अर्चना की। कुछ ऐसा ही नजारा लखनपुर स्थित किले वाली माता मंदिर परिसर में भी नजर आया। जोड़ेयां माता मंदिर में भक्तों ने माथा टेका। जिले के वन दूरदराज इलाकों में स्थित ऐतिहासिक प्राचीन मंदिरों को भी प्रथम नवरात्र पर दर्शनों के लिए आने वाले भक्तों में उत्साह देखने को मिला। यहां जोडे़यां माता के मंदिर में लगभग 300 भक्तों ने माता रानी के दर्शन किये। इस अवसर पर जोड़ेयां माता लंगर समिति बांजल एवं वेलफेयर ट्रस्ट के सदस्यों ने श्रद्धालुओं के लिए लंगर की व्यवस्था जारी रखी तथा रात्रि विश्राम की व्यवस्था भी की गयी। वेलफेयर ट्रस्ट के अध्यक्ष सुशील बांजलिया ने बताया कि मंदिर में आने वाले भक्तों को सुविधा पिछले कई सालों से उपलब्ध कराई जा रही है। इसके अलावा दोले माता मंदिर, बार शक्ति माता मंदिर बनी में श्रद्धालुओं का दिन भर तांता लगा रहा। महानपुर स्थित वनखंडी माता और चंचलो माता बसोहली के मंदिर में भी दिन भर भक्त दर्शनों के लिए पहुंचते नजर आए। सुकराला माता बिलावर में 35 सौ भक्त पहुंचे। प्रथम नवरात्र पर इसी क्रम में जगह-जगह भंडारे आयोजित किए गए। जहां हजारों की संख्या में भक्तों ने प्रसाद ग्रहण किया।
-----------------------
नवरात्र के दौरान मंदिरों में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम देखने को मिले। जसरोटा मंदिर परिसर में दर्शन के लिए जाने वाले श्रद्धालुओं की जांच के लिए जहां विशेष पुलिस दस्ते तैनात रहे। मंदिरों में महिलाओं की जांच करने के लिए विशेष रूप से महिला पुलिस कर्मियों की तैनाती देखी गई।