विदेश मंत्रालय के मुताबिक, यूक्रेन छोड़ने वाले भारतीयों की संख्या में तेजी से वृद्धि हुई है। अनुमान है कि अभी तक लगभग 17,000 भारतीय नागरिक यूक्रेन की सीमाओं को छोड़ चुके हैं।
पीएम नरेंद्र मोदी ने बुधवार रात रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से फोन पर बात की। दोनों नेताओं ने यूक्रेन की स्थिति की समीक्षा की। इस दौरान विशेष रूप से खारकीव फंसे भारतीय छात्रों की स्थिति पर भी बात हुई। दोनों के बीच संघर्ष क्षेत्रों से भारतीय नागरिकों की सुरक्षित निकासी पर चर्चा हुई।
विज्ञापन
इससे पहले यूक्रेन संकट के बीच विदेश मंत्रालय ने बुधवार शाम प्रेस कॉन्फ्रेंस की थी। इस दौरान विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अरंदम बागची से पूछा गया कि क्या पीएम नरेंद्र मोदी फिर से रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से बात करेंगे? इस पर उन्होंने कहा था कि प्रधानमंत्री मोदी कई देशों के नेताओं से बात कर रहे हैं। जब भी ऐसी बातचीत होती है तो हम आपके साथ साझा करते हैं। इस बारे में भी आपको सूचित किया जाएगा।
विदेश मंत्रालय की प्रेस वार्ता की अहम बातें
विदेश मंत्रालय के मुताबिक, यूक्रेन छोड़ने वाले भारतीयों की संख्या में तेजी से वृद्धि हुई है। अनुमान है कि अभी तक लगभग 17,000 भारतीय नागरिक यूक्रेन की सीमाओं को छोड़ चुके हैं।
पिछले 24 घंटों के दौरान छह उड़ानें भारत पहुंची हैं, जिससे भारत में कुल उड़ानों की संख्या 15 हो गई है और इन उड़ानों से लौटने वाले भारतीयों की कुल संख्या 3,352 है।
अगले 24 घंटों में 15 उड़ानें निर्धारित की गई हैं। इनमें से कुछ पहले से ही वर्तमान में रास्ते में हैं।
खार्किव में जो भारतीय फंसे हैं, उन्हें तुरंत वहां से किसी दूसरी जगह चले जाने का एडवायजरी जारी की गई है। इसके लिए खार्किव के पास की तीन जगह (पिसोचिन,बेजलुडोव्का और बाबे) सुरक्षित जोन बताई गई हैं। नागरिकों को आज 6 बजे (यूक्रेनी समय) तक इन इलाकों में पहुंचने को कहा गया।
भारतीय वायु सेना का विमान सी-17 बुखारेस्ट (रोमानिया) से ऑपरेशन गंगा में शामिल हो गया है, इस विमान के आज रात दिल्ली लौटने की उम्मीद है। बुडापेस्ट (हंगरी), बुखारेस्ट (रोमानिया) और रेजस्जॉ (पोलैंड) से आज भारतीय वायुसेना की तीन उड़ानें रवाना होंगी।
यूक्रेन में रहने वाले एक भारतीय नागरिक चंदन जिंदल की प्राकृतिक कारणों से मौत हुई है। उनका परिवार यूक्रेन में ही है।
एडवायजरी रूसी पक्ष से प्राप्त इनपुट के आधार पर जारी की गई है। हमने खुद से एडवायजरी में जगह और समय तय नहीं किया है, ये इनपुट पर आधारित है।
जिन लोगों ने अपना भारतीय पासपोर्ट खो दिया है, उन्हें आपातकालीन प्रमाणपत्र जारी करने के लिए एक क्रियाविधि स्थापित की गई है। मुझे लगता है कि इससे कई भारतीय छात्रों को भी मदद मिलेगी।
यूक्रेन में फंसे भारतीय नागरिकों को लेकर एक विशेष विमान राष्ट्रीय राजधानी के हवाई अड्डे पहुंचा। केंद्रीय मंत्री जी. किशन रेड्डी ने विमान से भारत पहुंचे लोगों का स्वागत किया।