हैदराबाद के राजीव गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे (आरजीआईए) को कथित तौर पर बम की धमकी वाला ईमेल भेजने वाले 34 वर्षीय व्यक्ति को बंगलूरू से गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस ने बताया कि आरोपी बिहार का रहने वाला है। वह अब बंगलूरू में बस गया है। उसने 2012 से 2020 तक आईटी क्षेत्र में काम किया। कोविड महामारी के दौरान, वह बीमार पड़ गए और बाद में उसकी नौकरी चली गई। पुलिस ने बताया कि इसके बाद वह अवसाद में चला गया। अवसाद से पीड़ित होने के चलते उसने आरजीआईए और अन्य महत्वपूर्ण प्रतिष्ठानों को धमकी भरे मेल भेजे। पुलिस मामला दर्ज कर 18 फरवरी को बंगलूरू से आरोपी को पकड़ हैदराबाद ले आई। पुलिस ने बताया कि पूछताछ के दौरान उसने अपराध करना कबूल कर लिया। उसके कब्जे से एक मोबाइल फोन और एक लैपटॉप जब्त किया गया।
आईआईएम के तीन परिसरों का आज उद्घाटन करेंगे पीएम मोदी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शिक्षा क्षेत्र को बढ़ावा देने के लिए मंगलवार को जम्मू, बोधगया और विशाखापत्तनम में भारतीय प्रबंधन संस्थान (आईआईएम) के परिसरों का उद्घाटन करेंगे और 13,000 करोड़ रुपये से अधिक की कई परियोजनाओं की आधारशिला रखेंगे।
प्रधानमंत्री कार्यालय ने सोमवार को एक बयान में कहा, मोदी जिन परियोजनाओं को राष्ट्र को समर्पित करेंगे, उनमें सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) भिलाई, आईआईटी तिरूपति, आईआईटी जम्मू, भारतीय सूचना प्रौद्योगिकी, अभिकल्पना एवं विनिर्माण संस्थान कांचीपुरम, कानपुर में उन्नत प्रौद्योगिकियों पर एक अग्रणी कौशल प्रशिक्षण संस्थान (आईआईएस) और उत्तराखंड के देवप्रयाग एवं त्रिपुरा के अगरतला में केंद्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय के दो परिसर शामिल हैं।
राष्ट्रपति मुर्मू ने अंडमान की सेलुलर जेल में शहीदों को दी श्रद्धांजलि
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने सोमवार को अंडमान और निकोबार द्वीप समूह के पोर्ट ब्लेयर में ऐतिहासिक सेलुलर जेल का दौरा किया। उन्होंने वहां शहीद स्तंभ पर पुष्पांजलि अर्पित की। मुर्मू, सोमवार से द्वीपसमूह की पांच दिवसीय यात्रा पर हैं। उन्होंने स्वातंत्र्य ज्योत का भी दौरा किया। यह जेल में कैद रहे हजारों स्वतंत्रता सेनानियों को श्रद्धांजलि के रूप में हमेशा प्रज्ज्वलित रहती है। राष्ट्रपति ने यहां वीर सावरकर को श्रद्धांजलि दी। इससे पहले राष्ट्रपति का पोर्ट ब्लेयर पहुंचने पर उपराज्यपाल एडमिरल (सेवानिवृत्त) डीके जोशी ने स्वागत किया। केंद्र शासित प्रदेश की उनकी पहली यात्रा पर उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया।
शिवाजी महाराज की मां ने ही उनके जीवन को आकार दिया, किसी और ने नहीं: शरद
वरिष्ठ राजनेता शरद पवार ने सोमवार को कहा कि छत्रपति शिवाजी महाराज की मां जीजाबाई की ही उनके जीवन और चरित्र को आकार देने में अहम भूमिका रही है। उन्होंने कहा कि कुछ लोग जानबूझकर शिवाजी महाराज को रास्ता दिखाने का श्रेय अन्य व्यक्तियों को देने की कोशिश कर रहे हैं। पवार की यह टिप्पणी उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की ओर से 17वीं सदी के राजा के जीवन और चरित्र को आकार देने के लिए समर्थ रामदास स्वामी की सराहना करने के कुछ दिनों बाद आई है। पुणे में छत्रपति शिवाजी की जयंती पर उन्हें श्रद्धांजलि देने के बाद पवार एक कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे।
शिवनेरी किले में मनाई गई छत्रपति शिवाजी की जयंती, मुख्यमंत्री ने दी श्रद्धांजलि
मराठा योद्धा छत्रपति शिवाजी महाराज की जयंती के मौके पर शिवनेरी किले में आयोजित एक कार्यक्रम में मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के साथ-साथ उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और अजित पवार ने सोमवार को उन्हें श्रद्धांजलि दी। इस दौरान, मुख्यमंत्री ने इतिहास में उनके शिवाजी महाराज के योगदान की सराहना की और कहा कि वे सक्षम प्रशासक और आम जन के राजा थे। उन्होंने कहा, महाराष्ट्र के किलों को संरक्षित करना हमारी जिम्मेदारी है, जो हमारी परंपरा और विरासत हैं। बता दें कि छत्रपति का जन्म 1630 में पुणे की जुन्नर तहसील के शिवनेरी किले में ही हुआ था।
तेलंगाना में भाजपा की विजय संकल्प यात्रा में शामिल होंगे हिमंत और सावंत
लोकसभा चुनाव से पूर्व तेलंगाना में भाजपा की विजय संकल्प यात्रा मंगलवार से शुरू होगी। दो मार्च तक चलने वाली यात्रा के शुभारंभ पर असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा, उनके गोवा समकक्ष प्रमोद सावंत और अन्य वरिष्ठ भाजपा नेता मौजूद रहेंगे। केंद्रीय मंत्री बीएल वर्मा और परषोत्तम रूपाला भी आज कार्यक्रम में शामिल होंगे। हैदराबाद में एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए केंद्रीय मंत्री और राज्य भाजपा अध्यक्ष जी किशन रेड्डी ने कहा कि इस अवधि के दौरान एक साथ पांच 'यात्राएं' आयोजित की जाएंगी।
पुणे में विनिर्माण संयंत्र का उद्घाटन
नाइब डिफेंस एंड एयरोस्पेस लिमिटेड में विनिर्माण संयंत्र के उद्घाटन पर नौसेना प्रमुख एडमिरल आर हरि कुमार ने बताया कि यह बहुत ही कम समय में बनाई गई एक महत्वपूर्ण क्षमता है। आत्मनिर्भरता की दिशा में एक बड़ा कदम है। उन्होंने आगे कहा, 'अगर आप देश में रक्षा उपकरण बनाना चाहते हैं तो आपको उपकरण चाहिए, मशीनें चाहिए। यह एक स्वचालित प्रक्रिया है। यह जाहाजों, एयरफ्रेम, पनडुब्बियों पर हथियार प्रणालियों और टॉरपिडो ट्यूब में हथियार ग्रेड उपकरण बनाने की क्षमता में पर्याप्त अंतर लाएगा। हम अपने राष्ट्रीय नेतृत्व से वादा किया है कि हम 2047 तक आत्मनिर्भर बन जाएंगे। इसके लिए हमें उद्योग जगत की मदद की जरूरत है।'