फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

MEA: भारत और थाईलैंड के बीच मजबूत होंगे द्विपक्षीय संबंध, विदेश मंत्रियों के बीच बैठक के दौरान हुआ मंथन

Sun, 14 Jul 2024 05:43 PM IST
पवन पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला

सार

MEA: विदेश मंत्री एस जयशंकर और उनके थाई समकक्ष मैरिस सांगियाम्पोंगसा ने व्यापार, संपर्क और निवेश के क्षेत्रों में द्विपक्षीय सहयोग में प्रगति की समीक्षा की। विदेश मंत्रालय (एमईए) ने बताया कि दो दिन पहले दोनों विदेश मंत्रियों ने बिम्सटेक समूह की बैठक के दौरान बातचीत की थी।
विज्ञापन
भारत और थाईलैंड के विदेश मंत्रियों की बैठक - फोटो : X / @DrSJaishankar
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

12 जुलाई को भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने थाईलैंड के विदेश मंत्री मैरिस सांगियाम्पोंगसा के साथ बैठक की और उनके सम्मान में दोपहर के भोजन का आयोजन किया। इससे पहले दोनों देशों के विदेश मंत्रियों ने कई मुद्दों पर चर्चा की, जिसमें राजनीतिक, रक्षा और सुरक्षा, व्यापार और निवेश, भौतिक और वित्तीय कनेक्टिविटी, पर्यटन पर चर्चा हुई। इस दौरान उन्होंने क्षेत्रीय मामलों, भारत-आसियान, हिंद-प्रशांत और संयुक्त राष्ट्र में सहयोग पर भी विचारों का आदान-प्रदान किया।
विज्ञापन


भारत-थाईलैंड साझेदारी को मजबूत करने पर मंथन
विदेश मंत्रालय ने कहा कि दोनों मंत्रियों ने आपसी हितों के मुद्दों पर भी विचारों का आदान-प्रदान किया और उप-क्षेत्रीय, क्षेत्रीय और बहुपक्षीय मंचों में घनिष्ठ सहयोग के लिए प्रतिबद्धता दोहराई। विदेश मंत्रालय ने कहा कि दोनों प्रधानमंत्रियों के दृष्टिकोण के अनुसार, विदेश मंत्री एस. जयशंकर और मैरिस सांगियाम्पोंगसा ने भारत-थाईलैंड साझेदारी को मजबूत करने की पारस्परिक इच्छा जताई।

थाईलैंड आसियान में भारत का एक प्रमुख भागीदार
विदेश मंत्रालय ने कहा थाईलैंड आसियान में भारत का एक प्रमुख भागीदार है। वही 10 देशों के आसियान (दक्षिण पूर्व एशियाई देशों के संघ) समूह के एक प्रमुख सदस्य, थाईलैंड को भारत दक्षिण पूर्व एशियाई क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण रणनीतिक साझेदार के रूप में देखता है। वहीं बंगाल की खाड़ी बहु-क्षेत्रीय तकनीकी और आर्थिक सहयोग पहल (बिम्सटेक), दक्षिण और दक्षिण पूर्व एशिया के सात देशों को बहुआयामी सहयोग के लिए एक साथ लाता है।
विज्ञापन


आपस में मिलती-जुलती है दोनों देश की नीतियां
भारत की 'एक्ट ईस्ट' नीति, जो 2024 में अपने 10वें वर्ष को चिह्नित करती है, थाईलैंड की 'एक्ट वेस्ट' नीति के साथ मिलती-जुलती है। विदेश मंत्रालय ने कहा, विदेश मंत्री और थाई विदेश मंत्री के बीच बातचीत ने द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूत करने में योगदान दिया है।

बिम्सटेक क्षेत्रीय संगठन का सदस्य भी है थाईलैंड
थाईलैंड बिम्सटेक समूह का सदस्य भी है। बता दें कि बिम्सटेक एक क्षेत्रीय संगठन है जिसमें 7 सदस्य देश शामिल हैं, इसमें बांग्लादेश, भूटान, भारत, म्यांमार, नेपाल, श्रीलंका और थाईलैंड है।
विज्ञापन

 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें