एक अधिकारी ने बताया कि यह घटना रविवार रात करीब 10 बजे हुई, जब चार लोग शहर के रामोल इलाके में एक आवासीय सोसाइटी में पटाखे फोड़ रहे कुछ लोगों से झगड़ा कर रहे थे।
रामोल पुलिस थाने के एक अधिकारी ने प्राथमिकी के हवाले से बताया कि आरोपियों ने ऑटोरिक्शा चालक विजय शंकर बंशीलाल (44 वर्षीय) और उनके बेटे धीरेंद्र सिंह (18 वर्षीय) की चाकू मारकर हत्या कर दी गई। बंशीलाल का भतीजा (17 वर्षीय) उस समय घायल हो गया जब उसने हमले के दौरान बीच-बचाव करने की कोशिश की।
उन्होंने बताया कि बंशीलाल की पत्नी की ओर से दर्ज कराई गई शिकायत के अनुसार आरोपी का कुछ दिन पहले उनके रिश्तेदार के साथ झगड़ा हो गया था। अधिकारी ने बताया कि बीती रात लोगों के चिल्लाने की आवाज सुनकर बंशीलाल, उनकी पत्नी, बेटा और भतीजा जब घर से बाहर निकले तो आरोपियों ने कुछ दिन पहले अपने रिश्तेदार के साथ हुए झगड़े को याद करते हुए उन्हें अपशब्द कहने शुरू कर दिए।
उन्होंने बताया कि झगड़ा तब और बढ़ गया जब आरोपियों में से एक दीपक मराठी ने धीरेंद्र सिंह के पेट में चाकू घोंप दिया और जब बंशीलाल अपने बेटे को बचाने के लिए दौड़े तो अन्य लोगों ने उन पर चार बार चाकू से हमला किया।
अधिकारी ने बताया कि पीड़ितों को एंबुलेंस से सरकारी अस्पताल ले जाया गया, जहां पिता-पुत्र को मृत घोषित कर दिया गया जबकि उनके रिश्तेदार का इलाज चल रहा है। उन्होंने बताया कि एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है और अन्य तीन को पकड़ने के प्रयास किए जा रहे हैं।