कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने बुधवार को बताया कि पार्टी धन की कमी का सामना कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि जिन बैंक खातों में लोगों द्वारा दान दिया गया पैसा रखा गया था, उसे भाजपा के नेतृत्व वाली एनडीए सरकार ने फ्रीज कर दिया है। खरगे ने आगे कहा कि कर विभाग ने पार्टी पर भारी जुर्माना भी लगाया है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भाजपा पर निशाना साधते हुए खरगे ने लोगों से एकजुट होकर खड़े रहने की अपील की है। उन्होंने देश में संविधान और लोकतंत्र को बचाने के लिए आगामी लोकसभा चुनाव में कांग्रेस की जीत का दावा भी किया है। खरगे ने कहा कि चुनाव में सभी को बराबर मौका मिलना चाहिए। उन्होंने भाजपा पर बैंक अकाउंट फ्रीज करने और भारी जुर्माना लगाने का आरोप लगाया।
पीएम मोदी और भाजपा पर लगाए आरोप
खरगे ने मीडिया से बात करते हुए कहा, "यह हमारी पार्टी का पैसा था, जो लोगों ने हमें दान के तौर पर दिया था। उन्होंने (भाजपा) इसे फ्रीज कर लिया है। हमारे पास खर्च करने के लिए पैसा नहीं है। जबकि, वे चुनावी बॉन्ड का खुलासा नहीं कर रहे हैं, क्योंकि ऐसा करने से उनकी चोरी पकड़ी जाएगी। उनका झूठ सबके सामने आ जाएगा। उन्होंने इसके लिए जुलाई तक का समय मांगा है।"
क्रिकेट स्टेडियम का नाम अपने नाम पर रखने पर खरगे ने पीएम मोदी पर निशाना साधाते हुए कहा, "आप अभी तक जिंदा हैं। यह सब मरने के बाद किया जाता है। जब कोई व्यक्ति जीवित है तो उनके नाम पर स्मारक नहीं बनाए जाते हैं। बाद में उस व्यक्ति के प्रशंसकों द्वारा ऐसा किया जाता है।"
उन्होंने यह भी दावा किया कि उन्होंने कालाबुरागी (गुलबर्गा) में अपनी गलती को सुधारने और आगामी चुनावों में कांग्रेस को विजयी बनाने का फैसला किया है। दरअसल, 2019 के लोकसभा चुनाव में उन्हें यहां से हार मिली थी। खरगे को भाजपा के प्रत्याशी उमेश जादव से 95,452 वोटों के अंतर से हार का सामना करना पड़ा था।
खरगे ने कहा, "धोखा मत खाओ, वे (भाजपा) धोखा दे रहे हैं। वे झूठ बोलते हैं। वे सच छिपाकर गलत सूचना फैलाते हैं। अंबेडकर ने कहा है कि लोगों को एकजुट रहना होगा और संविधान और लोकतंत्र की रक्षा करनी होगी। अगर देश में संविधान, स्वतंत्रता और एकता नहीं होगी तो यह देश फिर एक बार गुलाम हो जाएगा और फिर दोबारा खड़ा नहीं हो पाएगा।"
एक रैली को संबोधित करते हुए खरगे ने कहा कि भाजपा इन दिनों संविधान के खिलाफ बात कर रही है। भाजपा का दावा है कि संविधान के खिलाफ बोलने वालों का उनसे कोई लेना-देना नहीं है, लेकिन वे उनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं करते हैं। ऐसी अटकले लगाई जा रही है कि खरगे लोकसभा चुनाव नहीं लड़ेंगे, और पार्टी उनकी जगह उनके दामाद राधाकृष्ण डोड्डामणि को चुनावी मैदान में उतार सकती है।