फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Atul Bora: 'NRC-CAA हमारे लिए नया मुद्दा नहीं, कांग्रेस से उम्मीद नहीं', असम गण परिषद के अध्यक्ष का तंज

Sun, 07 Apr 2024 07:44 AM IST
आदर्श शर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गोलाघाट

सार

लोकसभा चुनाव की तारीखें जैस-जैसे नजदीक आ रही हैं, वैसे-वैसे राजनीतिक दलों के बीच जुबानी जंग तेज हो रही है। असम गण परिषद के अध्यक्ष और मंत्री अतुल बोरा ने कांग्रेस को आड़े हाथ लिया। उन्होंने कहा कि लंबे समय तक लोगों ने उन पर भरोसा जताया था, लेकिन वे कुछ नहीं कर सकें। वे वादे करते हैं और जीतने के बाद भूल जाते हैं। ऐसे में कांग्रेस से आप क्या उम्मीद कर सकते हैं। मुझे विश्वास है कि एनडीए एक बार फिर सत्ता में वापस लौटेगा। 
विज्ञापन
अतुल बोरा - फोटो : ANI
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

लोकसभा चुनाव की तारीखों के एलान के बाद से ही तमाम राजनीतिक दलों ने कमर कस ली है। भाजपा लगातार पूरे देश में ताबड़तोड़ रैलियां आयोजित कर रही है। वहीं विपक्षी गठबंधन 'इंडिया' लगातार भाजपा पर लोकतंत्र को खत्म करने का आरोप लगा रही है। इस बीच, चुनाव लेकर असम गण परिषद(एजीपी) के अध्यक्ष और असम के मंत्री अतुल बोरा ने कहा कि चुनाव बेहद करीब है। हम राज्यभर में प्रचार कर रहे हैं। हम दो सीटों बारपेटा और धुबरी में चुनाव लड़ रहे है, जबकि हमारी सहयोगी पार्टी भाजपा ज्यादातर सीटों पर चुनाव लड़ रही है। कुल मिलाकर पूरे प्रदेश में एनडीए के पक्ष में माहौल है। हमें उम्मीद है कि राज्य की सभी 14 सीटों पर हम जीत दर्ज कर रहे हैं। 
विज्ञापन


कांग्रेस से तो उम्मीद ही नहीं है- अतुल बोरा
कांग्रेस पर तीखा हमला बोलते हुए अतुल बोरा ने कहा कि अब आप अतीत के बारे में भूल जाएं, लोग कांग्रेस से क्या उम्मीद कर सकते हैं। आजादी के बाद लंबे समय तक कांग्रेस सत्ता में थी। असमय में 2001 से 2016 तक उन्हीं की सरकार रही, लेकिन उन्होंने राज्य के किया क्या। आप विकास के मामले में कांग्रेस के 10 वर्षों के कार्यकाल और वर्तमान भाजपा के सरकार की तुलना नहीं कर सकते हैं। लोग विकास और प्रगति चाहते है इसलिए लोग एनडीए के पक्ष में मतदान करेंगे। यह साफ है कि एनडीए फिर से सरकार बनाएगी। 
 

कांग्रेस को अपने सहयोगियों का भी पता नहीं- अतुल बोरा
कांग्रेस के लोकसभा चुनाव घोषणा-पत्र पर असम के मंत्री अतुल बोरा ने कहा कि कोई भी कांग्रेस पर भरोसा कर ही नहीं सकता है। जनता जानती है कि उन्होंने सिर्फ चुनाव वादे किए हैं और उसके बाद वे इसे भूल जाते हैं। वर्तमान राजनीतिक परिपेक्ष्य में कांग्रेस बहुत कमजोर है। 2014 में पीएम नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में एनडीए सत्ता में आई और उसके बाद पूरी तरह राजनीतिक समीकरण बदल गए। 
विज्ञापन

 

'असम के लिए एनआरसी-सीएए कोई नया मुद्दा नहीं'
एनआरसी और सीएए के मुद्दे पर असम गण परिषद (एजीपी) और असम के मंत्री अतुल बोरा ने कहा कि सीएए कोई नया मुद्दा नहीं है और एनआरसी वैसे भी असम के लोगों के लिए नया नहीं है। 2021 में विधानसभा चुनाव से ठीक पहले असम में क्या स्थिति थी और चुनाव परिणाम क्या रहे सबको पता है। 
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें