पंजाब में चरणजीत सिंह चन्नी को मुख्यमंत्री चुने जाने की घोषणा के बाद रविवार को भाजपा ने उन्हें लेकर कांग्रेस पर निशाना साधा। भाजपा ने उन खबरों का हवाला दिया, जिनमें तीन साल पहले चन्नी पर एक महिला आईएएस अधिकारी को अनुचित संदेश भेजने से जुड़े ‘मीटू’ के आरोप का जिक्र किया गया था।
भाजपा के आईटी विभाग के प्रमुख अमित मालवीय ने चन्नी के नाम की घोषणा के बाद कांग्रेस पर निशाना साधते हुए ट्वीट किया।
मालवीय ने लिखा, कांग्रेस ने चरणजीत चन्नी को मुख्यमंत्री पद के लिए चुना है, जिन्होंने तीन साल पुराने ‘मीटू’ मामले में कार्रवाई का सामना किया था। उन्होंने कथित तौर पर वर्ष 2018 में एक महिला आईएएस अधिकारी को अनुचित संदेश भेजा था। उस मामले को दबा दिया गया था, लेकिन पंजाब महिला आयोग की तरफ से नोटिस भेजने के बाद यह दोबारा सामने आ गया था। बहुत बढ़िया, राहुल।
यह मामला इस साल मई में उस समय दोबारा सामने आया, जब पंजाब महिला आयोग की अध्यक्ष मनीषा गुलाटी ने धमकी दी थी कि अगर राज्य सरकार एक सप्ताह में चन्नी पर लगे अनुचित संदेश भेजने के आरोप को लेकर अपना रुख स्पष्ट नहीं करेगी तो वह अनशन पर चली जाएंगी। उन्होंने कहा था कि वह सरकार की कार्रवाई रिपोर्ट के लिए मुख्य सचिव को पत्र लिख चुकी हैं। चन्नी उस समय कैप्टन अमरिंदर सिंह की सरकार में मंत्री थे।
मालवीय ने अपने ट्वीट के साथ इस साल मई में प्रकाशित एक खबर भी साझा की है, जिसमें कहा गया है कि निवर्तमान मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह पर पार्टी के भीतर मौजूद उनके विरोधियों ने पुराने मामलों को लेकर परेशान करने का आरोप लगाया है।