56 Bhog Offer to Mother Chintpurni on Durga Ashtami
भरवाईं (ऊना)। प्रसिद्ध शक्तिपीठ चिंतपूर्णी में अष्टमी के दिन माता की विशेष पूजा-अर्चना की गई। पुजारियों ने यह पूजा सुबह नौ बजे शुरू की, जो दोपहर एक बजे तक चली। करीब चार घंटे तक चली पूजा में कई तरह का पूजन किया गया।
हर नवरात्र में अष्टमी के दिन विधि-विधान से होने वाली पूजा-अर्चना बुधवार को भी हुई। अष्टमी पूजन पर तीन बार स्नान, तीन बार शृंगार और तीन बार भोग लगाए गए। कन्या, नवग्रह और कलश पूजन के बाद दुर्गा पूजन किया गया। अष्टमी पर विशेष रूप से नारियल बलि दी गई। माता को 56 प्रकार के भोग भी लगाए गए।
अष्टमी के दिन कई श्रद्धालुओं ने मंदिर में बच्चों के मुंडन करवाए और कन्या पूजन किया। मंदिर बारीदार पुजारी सभा रविंद्र छिंदा ने बताया कि अष्टमी पर मंदिर में विशेष पूजा-अर्चना की गई। विधि-विधान के अनुसार पूजा-अर्चना करवाई गई। कोरोना महामारी के खात्मे के साथ सुख शांति की कामना की गई।