नाहन के प्रभात कुमार राष्ट्रीय पत्र लेखन स्पर्धा में रहे द्वितीय
भारत सरकार के संचार मंत्रालय ने आयोजित की थी स्पर्धा
वैचारिक और सुलेखन स्पर्धा में दो बार पहले रह चुके अव्वल
संवाद न्यूज एजेंसी
नाहन (सिरमौर)। भारत सरकार के संचार मंत्रालय की ओर से आयोजित राष्ट्रीय पत्र लेखन स्पर्धा में नाहन के वरिष्ठ नागरिक एवं प्रसिद्ध व्यंग्यकार प्रभात कुमार ने द्वितीय पुरस्कार जीता है। भारत सरकार के महत्वाकांक्षी कार्यक्रम विजन-2047 के अंतर्गत विजन फॉर इंडिया-2047 विषय पर यह प्रतियोगिता आधारित रही।
इस राष्ट्रीय प्रतियोगिता के लिए भारत सरकार, संचार मंत्रालय ने भारतीय डाक विभाग के माध्यम से देश भर से पत्र आयोजित किए थे। इसका मुख्य उद्देश्य पत्र लेखन की कला को प्रोत्साहित करना था।
इस प्रतियोगिता के तहत प्रतिभागी को ढाई आखर कैम्पेन के तहत हिंदी, अंग्रेजी या स्थानीय भाषा में विजन फॉर इंडिया 2047.., शीर्षक से एक पत्र लिखना था। इस पत्र को हाथ से एक हजार शब्दों में लिखा जाना अनिवार्य था। इस राष्ट्रीय प्रतियोगिता में नाहन शहर के प्रभात कुमार ने द्वितीय पुरस्कार प्राप्त किया है। प्रभात कुमार एक स्वतंत्र लेखक एवं व्यंग्यकार भी हैं। तीन पुस्तकें लिख चुके प्रभात ने एनवेल्प.., श्रेणी में सुंदर हस्तलिखित खत के माध्यम से हिमाचल प्रदेश वृत्त में यह सम्मान अर्जित किया। इससे पूर्व दो बार लगातार इस प्रतियोगिता में वह प्रथम स्थान प्राप्त कर चुके हैं।
बता दें कि प्रभात कुमार ने अपने पत्र में इस बात पर जोर दिया कि समाज या राष्ट्र में जब भी विराट परिवर्तन आता है, उसे कोई समूह नहीं बल्कि किसी बिरले व्यक्ति की सोच से ही यह शुरू होता है। इस बिरले व्यक्ति के प्रयास ही बाद में सामूहिक प्रयास बन जाते हैं। प्रभात कुमार ने पत्र में योजना स्तर पर संजीदगी न रहने, कार्यान्वयन स्तर पर व्यावहारिक अनुशासन के गायब रहने, योजनाएं बनाते समय व्यावहारिक विवेक का उपयोग न कर पाने जैसी विषय को भी पुरजोर ढंग से सामने रखा।
प्रभात कुमार ने बताया कि इससे पहले भी वह इस राष्ट्रीय प्रतियोगिता की एनवेल्प श्रेणी में वर्ष 2018 और 2019 में प्रथम पुरस्कार जीत चुके हैं। उनकी इस उपलब्धि पर शहरवासियों में खुशी का माहौल है।
पंकज तन्हा
प्रभात कुमार।