शिमला के कुफरी में हुई बर्फबारी के बाद सड़कों पर जमी बर्फ को मशीन के हटाते हुए।
रामपुर बुशहर/आनी। मंगलवार और बुधवार को हुई बर्फबारी के कारण समूचा क्षेत्र शीतलहर की चपेट में आ गया है। वहीं अभी भी कई ग्रामीण इलाकों में लोगों की दुश्वारियां बरकरार हैं। वीरवार को तीसरे दिन रामपुर और आउटर सराज क्षेत्र में मौसम साफ रहा, जिस कारण ठंड काफी बढ़ गई है। दो दिन से यातायात के लिए बाधित नेशनल हाईवे पांच नारकंडा में तीसरे दिन यातायात के लिए बहाल कर दिया गया है। आउटर सराज के जलोड़ी जोत में 2 फीट बर्फबारी होने के कारण जिला मुख्यालय कुल्लू का संपर्क अभी भी कटा हुआ है।
गौर हो कि मौसम विभाग की चेतावनी के बाद मंगलवार और बुधवार को रामपुर और कुल्लू जिले के आउटर सराज क्षेत्र के ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी हुई। देर रात तक क्षेत्र में बारिश और बर्फबारी का दौर जारी रहा। बर्फबारी से बाधित हुआ एनएच पांच नारकंडा में वीरवार को यातायात के लिए बहाल हो गया। अब किन्नौर और रामपुर से शिमला की ओर वाहनों की सीधी आवाजाही हो रही है।
जलोड़ी जोत में भारी बर्फबारी के कारण एनएच-305 अभी भी यातायात के लिए अवरुद्ध है। आनी की 37 और निरमंड खंड की 32 पंचायतों का जिला मुख्यालय कुल्लू से संपर्क कट गया है। आवश्यक कार्यों से जिला मुख्यालय जाने के लिए लोगों को वाया मंडी होकर अतिरिक्त सफर कर कुल्लू पहुंचना पड़ रहा है। रामपुर-रोहडू मार्ग पर सुंगरी में बर्फबारी के कारण रोहडू का संपर्क कटा हुआ है।
एचआरटीसी की बसों को वाया भद्राश ब्रांदली तक ही भेजा जा रहा है। इसके अलावा किन्नू, किन्फी रूट को छोड़कर अन्य सभी रूटों पर एचआरटीसी की बसों की बराबर आवाजाही हो रही है। वीरवार को मौसम साफ होने के चलते जहां लोगों ने धूप का आनंद लिया, वहीं बर्फबारी और बारिश से क्षेत्र के किसान बागवानों ने भी राहत की सांस ली है। सेब सहित अन्य नकदी फसलों के लिए बर्फ और बारिश लाभदायक मानी जा रही है।
परिवहन निगम रामपुर के अड्डा प्रभारी भाग चंद ने बताया कि वीरवार को रामपुर से वाया नारकंडा शिमला की ओर वाहनों की आवाजाही शुरू हो गई है। रामपुर रोहडू, किन्नू और किन्फी रूट पर संभावित स्थानों तक ही बसों को भेजा गया।