मंडी। सत्र और जिला न्यायाधीश मंडी की अदालत ने हत्या के आरोप में पकड़े दो लोगों को 5500-5500 रुपये जुर्माने की सजा सुनाते हुए हत्या के आरोप से बरी कर दिया।
2016 में ऊना जिले के हरोली स्थित बीटन निवासी विजय कुमार पुत्र सुखदेव घर से कुल्लू लौट आ रहा था। इस दौरान पहचान के व्यक्ति ने ऊना से अपनी पत्नी को उसके साथ पिपलागलू स्थित अपने घर भेजा था। घर पहुंचाने में देरी के चलते महिला विजय कुमार को अपने मायके वैला ले गई। यहां महिला के भाई डोले राम और पवन कुमार ने रात को विजय कुमार के साथ शराब पी। इसके बाद तीनों में किसी बात को लेकर विवाद हो गया था।
अगली सुबह जब विजय कुल्लू लौटने लगा तो भाइयों ने उसका रास्ता रोका और डंडे से उसकी पिटाई कर खाई में फेंक गया। अगली सुबह 16 अक्टूबर 2016 को विजय पुलिस को खाई में बेहोशी की हालत में मिला। उसे अस्पताल पहुंचा कर उपचार करवाया। होश आने पर विजय ने पुलिस को पूरा घटनाक्रम बनाते हुए डोले राम और पवन कुमार पर मारपीट का आरोप लगाया था।
स्वस्थ्य जांच करने पर उसके सिर पर गंभीर चोटें आई थी। पुलिस ने पहले गंभीर चोट पहुंचाने का मामला दर्ज किया था। बाद में उपचार के दौरान विजय कुमार की मौत हो जाने पर हत्या का मामला दर्ज किया। इस पर डोले राम और पवन कुमार को गिरफ्तार कर लिया। तब से दोनों न्यायिक हिरासत में थे। जांच के दौरान गोहर थाना ने अदालत में चालान पेश किया था। अदालत ने डोले राम और पवन कुमार पर हत्या का अभियोग साबित न होने पर दोनों को बरी कर दिया। गंभीर चोट पहुंचाने पर दोनों को दोषी करार देते हुए 5500-5500 रुपये जुर्माना और 2016 से अब तक न्यायिक हिरासत को सजा माना।