हरिपुर (कुल्लू)। जिले में फागली उत्सवों का दौर जारी है। शनिवार को ऊझी घाटी के हल्लाण-एक गांव में भी देवता वासुकी नाग के सम्मान में फागली उत्सव मनाया गया। मेले में देव परंपराओं का निर्वहन किया गया। हल्लाण-एक गांव स्थित मंदिर में पूरा दिन श्रद्धालुओं का आना-जाना लगा रहा।
सैकड़ों श्रद्धालुओं ने आराध्य देवता वासुकी नाग और माता कोटली के समक्ष शीश नवाया। कारदार अंकित नेगी ने कहा कि देवता वासुकी नाग का करड़ू (पालकी) साल में तीन बार ही निकलता है। करड़ू को जन्माष्टमी, फागली और सायर संक्रांति के दिन ही निकाला जाता है। इस बार भी परंपरा का निर्वहन देव नियमों और विधि-विधान से किया जा रहा है। कहा कि मेले में पूरा दिन श्रद्धालुओं की भीड़ रही। संवाद