विद्यार्थियों के स्वास्थ्य को देखते हुए शिक्षा उपनिदेशक ने जारी किए निर्देश
जलजनित रोगों से बच्चों को दूर रखने की तैयारी, स्कूलों का निरीक्षण भी होगा
संवाद न्यूज एजेंसी
कुल्लू। जिले के सरकारी और निजी विद्यालयों में शुद्ध पेयजल की व्यवस्था स्कूल प्रबंधन को करनी होगी। विद्यालय में लगी पेयजल की टंकियों की साफ-सफाई हर महीने में दो बार करनी होगी। विद्यार्थियों के स्वास्थ्य को देखते हुए सभी सरकारी और निजी विद्यालयों के प्रबंधकों और प्रधानाचार्यों को शिक्षा विभाग ने निर्देश जारी किए हैं।
बरसात में खराब पेयजल के कारण जलजनित रोग हो जाते हैं। बारिश में गंदा पानी नलों से आ जाता है। ऐसे में विद्यार्थी जलजनित रोगों की चपेट में न आएं, इसके लिए हर माह में कम से कम दो बार पेयजल टंकियों को साफ करना अनिवार्य किया गया है। इसके साथ ही विद्यार्थियों को मिड-डे मील के दौरान अनुक्रमांक (रोल नंबर के हिसाब) से बैठाने की व्यवस्था करने के भी निर्देश जारी किए गए हैं।
मिड-डे मील भोजन में पौष्टिक अनाज को शामिल करना अनिवार्य है। प्रारंभिक शिक्षा उपनिदेशक कुल्लू सुरेंद्र शर्मा ने कहा कि सरकारी और निजी विद्यालयों में पेयजल टंकियों को साफ-सुथरा रखने के निर्देश जारी किए गए हैं। विद्यालय प्रबंधन को सुनिश्चित करना होगा कि प्रति माह कम से कम दो बार टंकियां साफ की जाएं। कहा कि शिक्षा विभाग की टीम विद्यालयों का औचक निरीक्षण करेगी। खामियां मिलने पर विद्यालय प्रबंधन के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। संवाद