इन पदों के सृजित होने और भर्ती प्रक्रिया पूरी होने के बाद मेडिकल कॉलेजों तथा जिला अस्पतालों में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूती मिलेगी। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों का कहना है कि प्रदेश के कई चिकित्सा संस्थानों में लंबे समय से पैरामेडिकल कर्मचारियों की कमी महसूस की जा रही थी। विशेष रूप से ऑपरेशन थिएटर, पैथोलॉजी लैब और रेडियोलॉजी सेवाओं में स्टाफ की आवश्यकता बढ़ रही थी। नई भर्तियों से मरीजों को जांच और उपचार संबंधी सुविधाएं अधिक सुचारू रूप से उपलब्ध हो सकेंगी। सरकार का मानना है कि मेडिकल कॉलेजों में विशेषज्ञ चिकित्सकों के साथ पर्याप्त तकनीकी स्टाफ उपलब्ध होने से स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार होगा। इससे ऑपरेशन, विभिन्न प्रकार की जांचों और एक्स-रे समेत अन्य रेडियोलॉजिकल सेवाओं में तेजी आएगी।