चंबा में मॉक ड्रिल के दौरान रेस्क्यू करते जवान।
- फोटो : Chamba
चंबा। शहर में एडीएम अमित मेहरा ने ट्रिगर दबाकर आपदा के बारे में सूचना दी। शहर में सुबह 9:20 बजे भूकंप आया। इसकी तीव्रता रियेक्टर पैमाने पर 6.5, जबकि भूकंप का केंद्रबिंदु चंबा शहर का चौगान नंबर-1 बताया गया। प्रभावित क्षेत्र उपायुक्त कार्यालय परिसर और जिला राजस्व अधिकारी भवन रहा। इनमें लगभग 8 से 10 लोग फंसे हुए हैं और मेडिकल कॉलेज चंबा की बिल्डिंग में 10 से 12 रोगी और लगभग तीन स्टाफ मेंबर फंसे हुए हैं। इसके अतिरिक्त पुराने बस अड्डे के पास बिजली के खंभे गिरने से रास्ता क्षतिग्रस्त हो गया है।
साथ ही मेन चौक डोगरा बाजार के समीप रास्ते के किनारे वाली बिल्डिंग क्षतिग्रस्त होने के साथ ही पोस्टऑफिस चंबा के पास भी रास्ता बंद हो चुका है। विभिन्न विभागों की ओर से टीमों ने स्टेजिंग एरिया पुलिस मैदान बारगाह में एडीएम अमित मेहरा की अगुवाई में राहत एवं बचाव कार्य से संबंधित प्रक्रिया का संचालन किया। स्टेजिंग एरिया बारगाह से एनडीआरएफ, होमगार्ड, पुलिस और आर्मी की टीम को दो हिस्सों में बांटा गया और उन्हें घटनास्थल पर राहत एवं बचाव कार्य के लिए भेजा गया।
एनडीआरएफ की टीम ने उपायुक्त कार्यालय और मेडिकल कॉलेज चंबा में उपस्थित अधिकारियों और कर्मचारियों को इस मॉक ड्रिल में किए गए रेस्क्यू के बारे में भी बताया। अग्निशमन विभाग के कर्मचारियों ने भी उपायुक्त कार्यालय में हुए शॉर्ट सर्किट के कारण लगी आग को अग्निशमन यंत्रों से बुझाया और बिजली की मेन सप्लाई को बंद किया। अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी अमित मेहरा ने बताया कि उपायुक्त कार्यालय में आठ लोगों को रेस्क्यू किया गया।
इनमें 5 पुरुष और 3 महिलाएं थीं जबकि मेडिकल कॉलेज चंबा में 13 लोगों को रेस्क्यू किया गया। इनमें 10 पुरुष और 3 महिलाएं शामिल थीं। उन्हें प्राथमिक उपचार के लिए स्टेजिंग एरिया में पहुंचाया गया। मॉक ड्रिल के दौरान पूरा चंबा शहर एंबुलेंस के सायरनों की आवाज से गूंज उठा। इससे लोग कुछ देर तक चिंतित हो गए। लोगों को मॉक ड्रिल का पता बाद में चला।