यमुनानगर। गिरफ्तारी से बचने के लिए खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के फूड इंस्पेक्टर कपिल जाखड़ ने हाईकोर्ट में अग्रिम जमानत के लिए याचिका लगाई है। कोर्ट में याचिका पर सात जुलाई को सुनवाई होनी है। हालांकि इससे पहले भी इंस्पेक्टर ने हाई कोर्ट में जमानत याचिका लगाई थी जो 25 जून को खारिज हो गई थी।
इस मामले में आरोपी चौकीदार अजीत कुमार ने भी जिला न्यायालय में अग्रिम जमानत के लिए याचिका लगाई थी जो रद्द हो चुकी है। अजीत कुमार अभी भी पुलिस के हत्थे नहीं चढ़ सका है। पुलिस उसकी गिरफ्तारी के लिए कई जगह दबिश दे चुकी है, लेकिन उसके बारे में कोई सुराग नहीं मिल पाया है।
जिला न्यायालय से भी खारिज हो चुकी है याचिका
फूड इंस्पेक्टर कपिल जाखड़ की जमानत याचिका जून माह में जिला न्यायालय से भी रद्द हो गई थी। पुलिस ने कोर्ट में अपना पक्ष मजबूती से रखा था। पुलिस ने कोर्ट में अपना पक्ष रखते हुए कहा था कि मंडी में गेहूं से भरे हाथ से सिले 27 कट्टे मिले हैं। जबकि सरकारी कट्टों में गेहूं का वजन 50 किलोग्राम होता है।
गेहूं में तीन प्रतिशत नमी अधिक मिली
अनाज मंडी जगाधरी में पानी का छिड़काव कर जिस गेहूं को वजन बढ़ाया गया था जांच के दौरान उसमें नमी की मात्रा सामान्य गेहूं से तीन प्रतिशत अधिक मिली है। जबकि इतनी गर्मी में नमी की मात्रा बढ़ने की बजाय घटती है। सीएम फ्लाइंग की रेड के दौरान लिए गए गीले गेहूं के सैंपल को जांच के लिए भेजा गया था। जिसमें नमी की मात्रा ज्यादा मिली।
सात जुलाई को सुनवाई होनी है: जसबीर सिंह
थाना हुडा सेक्टर-17 के एसएचओ जसबीर सिंह का कहना है कि कपिल जाखड़ ने हाई कोर्ट में अग्रिम जमानत याचिका लगाई है। जिस पर सात जुलाई को सुनवाई होनी है। पुलिस मजबूती के साथ अपना पक्ष रखेगी। वहीं, चौकीदार अजीत की अग्रिम जमानत याचिका जिला न्यायालय से रद्द हो चुकी है।
यह था मामला
ज्ञात हो कि 11 जून की शाम सीएम फ्लाइंग ने अनाज मंडी जगाधरी में रेड की थी। वहां पर तीन मजदूर पानी के टैंकर में पाइप लगाकर गेहूं के कट्टों पर छिड़काव कर उसका वजन बढ़ा रहे थे। तीनों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया था। मजदूरों ने पूछताछ में बताया था कि वह फूड इंस्पेक्टर कपिल जाखड़ व चौकीदार अजीत कुमार के कहने से कट्टों पर पानी डाल रहे थे। पुलिस ने पांचों के खिलाफ धोखाधड़ी व साजिश रचने समेत अन्य धाराओं में केस दर्ज किया था।