संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। आपात स्थिति में अब ऑक्सीजन की कमी नहीं रहेगी। ईएसआई अस्पताल में 1.57 करोड़ रुपये की लागत से एक और ऑक्सीजन प्लांट लगाया गया है। इस प्लांट से एक हजार लीटर ऑक्सीजन प्रति मिनट तैयार होगी। नया प्लांट इस्जैक कंपनी और सरस्वती शुगर मिल की ओर से लगाया गया है। इसका शुभारंभ शिक्षामंत्री कंवर पाल गुर्जर ने शनिवार को किया।
जिले में तीन और प्लांट लगे हैं। इनमें से दो एक हजार और एक 500 लीटर प्रति मिनट में ऑक्सीजन को तैयार करने वाले प्लांट हैं। कोरोना महामारी के दौरान ऑक्सीजन की काफी कमी हो गई थी। उस दौर में रोजाना आठ मीट्रिक टन ऑक्सीजन की आवश्यकता पड़ती थी। हालांकि अब स्थिति में काफी सुधार आ चुका है, ऐसे में अब ज्यादा ऑक्सीजन की आवश्यकता नहीं है। वहीं अब जिले में चार ऑक्सीजन प्लांट हो गये हैं। इनमें एक हजार लीटर प्रति मिनट के तीन प्लांट ईएसआई अस्पताल, यमुनानगर अस्पताल व जगाधरी अस्पताल में है, जबकि 500 लीटर प्रति मिनट ऑक्सीजन प्लांट शामिल हैं।
इस्जैक कंपनी और सरस्वती शुगर मिल ने कोरोना महामारी की दूसरी लहर में स्वास्थ्य विभाग का काफी सहयोग दिया था। दोनों ने प्रशासन को सात हजार लीटर क्षमता के 100 ऑक्सीजन सिलेंडर, 10 लीटर क्षमता के 35 ऑक्सीजन कंसट्रेटर स्वास्थ्य विभाग को दिए गए। इसके अलावा बेड व अन्य व्यवस्थाएं की गई। वहीं जिले के 111 सरकारी स्कूलों में से 47 सरकारी स्कूलों को पांच किलोवाट क्षमता के 47 सोलर संयंत्र किए गए, जिनकी कीमत दो करोड़ रुपये थी।
सात वर्षों से इस्जैक और सरस्वती शुगर मिल ने लगभग 19.56 करोड़ रुपये के विकास कार्य करवाए गए हैं। यह कार्य आगे भी जारी रहेंगे। इसके अलावा जनता ने भी पूरा सहयोग दिया है। जहां-जहां कार्य हुए है, उनका समय-समय पर निरीक्षण भी किया जाता है। - रिटायर्ड कर्नल केएस राणा, वाइस प्रेसिडेंट, इस्जैक।
मिल की तरफ से सरकारी स्कूलों में काफी विकास कार्य करवाए जा चुके हैं। कई स्कूलों में अच्छे टॉयलेट बनवाए गए। इसके अलावा मिल की तरफ से किसी भी किसान की कोई पेमेंट नहीं रुकती है। -डीपी सिंह, सीनियर वाइस प्रेसिडेंट, सरस्वती शुगर मिल।
ईएसआई अस्पताल में लगाया गया ऑक्सीजन प्लांट। संवाद- फोटो : Yamuna Nagar