औद्योगिक मॉडल टाउनशिप (आईएमटी) खरखौदा युवाओं को रोजगार देने का काम करेगा। मारुति व इसकी सहायक कंपनियों के निवेश से जो दरवाजे रोजगार के रूप में खुलेंगे, उसकी कल्पना सहज ही कर पाना मुश्किल है। आईएमटी में मारुति का निवेश प्रत्यक्ष ही नहीं बल्कि अप्रत्यक्ष तौर पर भी हजारों की संख्या में रोजगार उपलब्ध करवाएगा।
आईएमटी खरखौदा में स्थापित होने वाली इकाइयों में लाखों रोजगार उपलब्ध होंगे, इसमें कोई शक नहीं है। वहीं इस आईएमटी के संचालित होने पर अन्य कई रूप में रोजगार सृजित होने लगेंगे। इसका भी सीधा फायदा खरखौदा क्षेत्र के युवाओं को मिलने वाला है। अभी तक रोजगार पाने के लिए क्षेत्र के युवा बड़े शहरों का रुख करते रहे हैं, लेकिन मारुति के आने से आईएमटी, खरखौदा में स्थानीय स्तर पर लाखों रोजगार मिलने लगेंगे। औद्योगिक इकाइयों के लगने से जो लोग बाहर से आकर यहां पर काम करेंगे, उनके रहने, खाने-पीने व अन्य व्यवस्थाओं के रूप में नए रोजगार उपलब्ध होंगे।
3217 एकड़ में बन रही आईएमटी
आईएमटी खरखौदा के विकास के लिए वर्ष 2013 में 3217.19 एकड़ भूमि का अधिग्रहण किया गया था। इसमें 19 मार्च 2020 की अनुमोदित वर्तमान अभियंता योजना के अनुसार 3217.19 एकड़ में से 1243.28 एकड़ औद्योगिक प्लॉट के लिए और बाकी जमीन अन्य प्रयोजनों के लिए है। इसमें संस्थागत प्रयोग 147.61 एकड़, वाणिज्यिक प्रयोग 171.51 एकड़, लोक उपयोगिता, भवन 168.47 एकड़, आरएंडआर प्लॉट 109.29 एकड़, आरएंडआर पॉकेट और भूमि एकगीकरण (पूलींग) प्लॉट, आवास 163.58 एकड़ और हरित पट्टी, खुले स्थल आदि के लिए आरक्षित है। उन्होंने आगे बताया कि साधारण उद्योग के लिए 2965 प्लॉट हैं, जिनमें से निगम ने साधारण श्रेणी में 788 प्लॉट, पूलिंग स्कीम में 293 प्लॉट आवंटित किए हैं।
बाइक कंपनी भी लगाने जा रही बड़ा प्लांट
खरखौदा आईएमटी में मारुति कंपनी का प्लांट 800 एकड़ में लगाया जाएगा, जिसके निर्माण की प्रक्रिया ने जोर पकड़ लिया है। इसके साथ ही आईएमटी में 100 एकड़ में अपना प्लांट लगाने के लिए सुजुकी बाइक कंपनी ने भी आवेदन किया है। बाइक कंपनी भी बड़ा प्लांट लगाने जा रही है, जिससे विकास के द्वार खुल सकेंगे। इस प्रपोजल को तकनीकी कमेटी अंतिम रूप दे रही है।
आईएमटी खरखौदा में विकास के लिए 237 करोड़ का टेंडर लगाया जा चुका है। इसमें आईएमटी में सीवरेज सिस्टम, लाइट व सड़कों के लिए टेंडर लगाने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। दो साल से आईएमटी में निर्माण कार्य चल रहा है। सरकार का लक्ष्य है कि वर्ष 2023 तक आईएमटी को विकसित कर दिया जाए। इसे लेकर काम तेजी से हो रहा है। आईएमटी के पास बसाए जा रहे सेक्टरों को जोड़ने वाली सड़क का निर्माण 37 फीसदी तक पूरा हो चुका है।
होटल, अस्पताल और पीजी पर होगा जोर
आईएमटी में काम करने वाले लोगों के लिए होटल, रेस्टोरेंट, अस्पताल व ट्रांसपोर्ट सहित अन्य सुविधाएं मुहैया करवाने के लिए बड़े स्तर पर निवेश होगा, जिसमें युवाओं को रोजगार के अवसर मिलेंगे। वहीं पीजी सहित अन्य नए काम-धंधों के बढ़ जाने से सीधे तौर पर स्थानीय लोगों की आय के साधन बढ़ेंगे। आईएमटी खरखौदा में युवाओं को रोजगार के अवसर प्राप्त होंगे ही, वहीं यह आईएमटी क्षेत्रवासियों के लिए स्वरोजगार के रास्ते भी खोलने का काम करेगी। युवाओं द्वारा पीने के पानी, कोरियर सेवा, मिल्क प्वाइंट, किराना स्टोर, टी-स्टाल, मनी-ट्रांसफर डेस्क, दवा स्टोर, मिष्ठान भंडार, ट्रांसपोर्ट सेवा सहित कई काम स्वरोजगार के रूप में शुरू किए जा सकेंगे।
वर्जन
आईएमटी खरखौदा में बुनियादी ढांचा विकसित करने का काम जारी है। सड़क बनाई जा रही है और जल्द ही अन्य विकास कार्यों के टेंडर छोड़े जाएंगे, ताकि जल्द औद्योगिक इकाइयां शुरू की जा सकें।
- अरुण गर्ग, सहायक महाप्रबंधक, एचएसआईआईडीसी
बोले युवा
वर्तमान में स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर नहीं मिलने के कारण गुरुग्राम में कार्यरत हूं। जैसे ही आईएमटी, खरखौदा रोजगार देने में सक्षम हो जाएगी तो स्थानीय स्तर पर ही काम करेंगे, ताकि परिवार के साथ रह सकें। मारुति के निवेश की चर्चाओं से उम्मीद है कि जल्द ही खरखौदा में ही युवाओं को रोजगार मिलने लगेगा।
- संदीप सैनी, खरखौदा
आईएमटी के विकसित होने का इंतजार है, ताकि यहां पर रोजगार पाकर अपने पैरों पर खड़ा होने का अवसर मिल सके। रोजगार के अवसर नहीं मिलने के कारण क्षेत्र में बेरोजगारों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है। आईएमटी के शुरू हो जाने से निश्चित ही क्षेत्र के युवाओं को रोजगार मिलने लगेंगे।
- अक्षय कौशिक
आईएमटी खरखौदा का विकसित होना स्वरोजगार को भी बढ़ावा देने का काम करेगा। मौजूदा हाल में सीमित संसाधन होने के कारण क्षेत्र में स्वरोजगार फल-फूल नहीं पाए हैं, लेकिन आईएमटी में मारुति का निवेश सोनीपत वासियों को आत्मनिर्भर बनाने का काम करेगा।
- हरीश कुमार