सोनीपत। शहर में वाहन चालकों को बेहतर सुविधा देते हुए लाखों रुपये की लागत से लगाए गए हाईटेक ट्रैफिक सिग्नल एक माह भी सही तरीके से नहीं चले। ट्रैफिक सिग्नल बंद होने से चौक-चौराहों पर जाम की स्थिति बन रही है। जिससे वाहन चालकों को परेशानी झेलनी पड़ रही है। वहीं हादसों का भी भय बना रहता है।
नगर निगम ने शहर के विभिन्न चौक-चौराहों पर ऑनलाइन कंट्रोल होने वाले ट्रैफिक सिग्नल लगवाए थे। अधिकारियों ने दावा किया था कि हाईटेक ट्रैफिक सिग्नल लगने से शहर में जाम की समस्या का समाधान हो जाएगा। साथ ही हादसों का भी खतरा नहीं रहेगा। शहर में ज्यादातर स्थानों पर ट्रैफिक लाइट बंद पड़ी हैं। जिन्हें ठीक करने के लिए अधिकारियों द्वारा कोई कदम नहीं उठाए जा रहे।
ट्रैफिक सिग्नलों की यह है स्थिति
शहर के ककरोई चौक, गुरुद्वारा कट, सीआईए चौक, ताऊ देवीलाल चौक, महाराणा प्रताप चौक, ट्रक यूनियन बाईपास व कालूपुर चुंगी पर लगी ट्रैफिक लाइटें खराब पड़ी हैं। वहीं पुलिस लाइन गेट के सामने लगी ट्रैफिक लाइट भी बंद है। शहर में विभिन्न चौक-चौराहों पर लगे ट्रैफिक सिग्नलों में केवल आईटीआई चौक पर लगी ट्रैफिक लाइट ही सही काम कर रही है। ट्रैफिक सिग्नल खराब होने के कारण यातायात पुलिस को व्यवस्था बनाए रखने में खासी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। यही नहीं अतिरिक्त पुलिस कर्मचारियों की भी जरूरत पड़ती है।
लाखों रुपये की लागत से लगाए गए थे ट्रैफिक सिग्नल
शहर में लगाए गए ट्रैफिक सिग्नलों पर लाखों रुपये की लागत आई थी। लाइट लगवाने के बाद निगम ने यातायात पुलिस को सौंप दी थी। हालांकि कुछ दिन बाद से ही लाइटें धीरे-धीरे खराब होती चली गईं। अब पुलिसकर्मियों व नगर निगम के बीच ट्रैफिक लाइटों को ठीक करवाने के लिए खींचतान चल रही है। नगर निगम का दावा है कि पुलिसकर्मी जानबूझकर लाइट को बंद कर देते हैं और वाहनों की मैनुअल तरीके से जांच करते हैं। वहीं पुलिस का कहना है कि निगम अधिकारी जानबूझकर इस तरफ ध्यान नहीं दे रहे।
वर्जन
शहर में यातायात व्यवस्था को बेहतर करने के लिए हाइटेक ट्रैफिक सिग्नल लगाए गए थे। उनके खराब होने की जानकारी नहीं है। अगर ट्रैफिक सिग्नल काम नहीं कर रहे हैं तो उनकी जांच करवाई जाएगी। जहां कमी होगी, उन्हें ठीक करवाया जाएगा।
- सुभाषचंद्र, संयुक्त आयुक्त नगर निगम, सोनीपत