यूपी के लखीमपुर में भेष बदलकर पहुंचे गुरनाम सिंह चढूनी। संवाद
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लखीमपुर खीरी की घटना के बाद किसान व किसान नेता लगातार वहां पहुंच रहे हैं। यूपी पुलिस की सख्ती के चलते किसान नेता पीड़ित परिवारों तक पहुंचने के लिए जुगत लगा रहे हैं। भारतीय किसान यूनियन के अध्यक्ष गुरनाम सिंह चढूनी भी बुधवार रात को भेष बदलकर लखीमपुर खीरी पहुंचे और यहां पर पीड़ित परिवारों से मिलने के बाद ही लौटे। उन्हें रात करीब डेढ़ बजे यूपी पुलिस ने रोक भी लिया था। उनके साथ चल रहे कुछ लोगों को हिरासत में ले लिया था, लेकिन वह निकल गए थे।
लखीमपुर खीरी में विरोध प्रदर्शन के दौरान किसानों की गाड़ी से कुचलकर हुई मौत के बाद से ही माहौल गर्माया हुआ है। बुधवार को जहां लखीमपुर खीरी में मृतक किसानों का अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए किसान रवाना हुए तो वहीं, किसान नेता भी अलग-अलग रूटों से रवाना हुए। भाकियू नेता गुरनाम सिंह चढूनी दो दिन से लखीमपुर खीरी में ही डेरा डाले हुए थे, लेकिन वह पीड़ित परिवारों से नहीं मिल पाए थे। बुधवार की रात को उन्होंने पगड़ी की जगह सिर पर साफा बांधा व कुर्ता-पायजामा की जगह पेंट-शर्ट पहनकर किसानों में शामिल होकर घायलों व मृत किसानों के परिवारों तक पहुंचे। उन्हें रात को डेढ़ बजे यूपी पुलिस ने रोका भी, लेकिन वह वहां से निकल गए। पीड़ितों के घर पहुंचकर चढूनी ने हर संभव मदद का आश्वासन दिया और मृत किसानों को श्रद्धांजलि भी दी। उन्होंने वीरवार को वीडियो वायरल कर इसकी जानकारी दी। उन्होंने बताया कि वह छिपते हुए मुश्किल से पीड़ित परिवार तक पहुंच सके।