पानीपत से रोहतक जाने वाली सवारी गाड़ी (04008) में बम होने की सूचना झज्जर के गांव निवासी 14 वर्षीय किशोर ने दी थी। राजकीय रेलवे पुलिस ने मुकदमा दर्ज करने के बाद जांच करते हुए किशोर को काबू कर लिया है। रेलवे पुलिस ने उसे जुवेनाइल कोर्ट में पेश किया, जहां उसे बाल सुधार गृह अंबाला भेज दिया गया। गाड़ी में बम की सूचना के बाद हड़कंप मच गया था। जिसके बाद सवारी गाड़ी को गोहाना स्टेशन पर रोककर पूरी जांच की गई थी।
किशोर की मां की दो साल पहले हो चुकी है मौत
शुक्रवार दोपहर 12:33 बजे जीआरपी हेडक्वार्टर के कंट्रोल रूम में फोन पर सूचना दी गई थी कि पानीपत से रोहतक जाने वाली सवारी गाड़ी में बम है। गाड़ी को गोहाना स्टेशन पर रोकने के बाद आरपीएफ व जीआरपी कर्मियों ने जांच अभियान शुरू किया था। सभी यात्रियों को गाड़ी से उतारकर स्टेशन के बाहर भेज दिया गया था।
पुलिस ने वीडियोग्राफी के साथ जांच की
मामले की जानकारी मिलने पर उपमंडल अधिकारी नागरिक आशीष वशिष्ठ, एसीपी सोमबीर सिंह देशवाल, शहर थाना प्रभारी नीरज कुमार, सीआईए गोहाना प्रभारी धीरज कुमार, जीआरपी रोहतक थाना प्रभारी राजबीर व आरपीएफ थाना प्रभारी रामकुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे थे। पुलिस ने वीडियोग्राफी करते हुए सभी डिब्बों की जांच की थी। हालांकि जांच के बाद कुछ नहीं मिला था। जिस पर राजकीय रेलवे थाना रोहतक पुलिस ने रेलवे एक्ट समेत विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया था।
मोबाइल से 139 डायल कर दिया
राजकीय रेलवे पुलिस की जांच में सामने आया कि कॉल 14 साल के किशोर ने की थी। किशोर की मां की दो साल पहले मौत हो चुकी है। उसने अपनी मां के घर में रखे मोबाइल से 139 डायल कर दिया था। उसके बाद जब उससे पूछा गया कि आपकी क्या सहायता की जा सकती है तो उसने सवारी गाड़ी में बम होने की सूचना दे दी थी।
पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही
रेलवे पुलिस के अनुसार किशोर की बुआ गोहाना थाना क्षेत्र के गांव में विवाहित है। ऐसे में वह बुआ के घर सवारी गाड़ी में जाता था। उसने उसी ट्रेन में बम होने की जानकारी दे दी। रेलवे पुलिस ने मामले में कार्रवाई करते हुए किशोर को काबू कर लिया है। उसे जुवेनाइल कोर्ट के आदेश पर बाल सुधार गृह अंबाला भेजा गया है। राजकीय रेलवे पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है।