खरखौदा अनाज मंडी में मीटिंग करते किसान व आढ़ती। संवाद
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केजीपी (कुंडली-गाजियाबाद-पलवल)-केएमपी (कुंडली-मानेसर-पलवल) एक्सप्रेस-वे पर तीन घंटे तक जाम लगाने के मामले में राई थाना पुलिस ने 400 अज्ञात लोगों पर मुकदमा दर्ज किया है। केजीपी-केएमपी पर संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान के बाद किसानों ने तीन घंटे तक जाम लगाया था। किसान संगठनों ने करनाल में हुए लाठीचार्ज व राई थाने में मुकदमा दर्ज करने को लेकर सरकार की निंदा की है।
करनाल के बसताड़ा टोल प्लाजा पर हुए लाठीचार्ज के विरोध में शनिवार शाम को किसान संगठनों ने जगह-जगह जाम लगाकर विरोध जताया था। इसमें केजीपी-केएमपी जीरो प्वाइंट पर भी जाम लगाया गया था। तीन घंटे तक लगाए जाम में हजारों वाहन चालक फंस गए थे। उसके बाद किसान वापस कुंडली बॉर्डर पर आंदोलनस्थल पर चले गए थे। मामले में राई थाना पुलिस ने एएसआई के बयान पर केजीपी-केएमपी के जीरो प्वाइंट को जाम करने के आरोप में 400 लोगों पर जाम लगाने व कोरोना नियमों का पालन नहीं करने का मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस ने एएसआई के बयान पर मुकदमा दर्ज कर करने के बाद जांच शुरू कर दी है। उनके खिलाफ लोगों को हुई परेशानी के कारण मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस अब जाम लगाने वालों की सोशल मीडिया व अन्य संसाधनों से मिले वीडियो के माध्यम से पहचान का प्रयास कर रही है।
आंतिल खाप ने कहा, किसानों पर अत्याचार नहीं होगा सहन
आंतिल खाप ने बसताड़ा में किसानों पर हुए हमले व मुकदमा दर्ज करने को सरकार का अत्याचार करार दिया है। आंतिल चौबीसी के प्रधान हवा सिंह आंतिल ने कहा कि सरकार किसानों को दबाने का प्रयास कर रही है, जिसे किसी सूरत में सहन नहीं किया जाएगा। इसका पुरजोर विरोध किया जाएगा। किसानों पर हमला कर व मुकदमे दर्ज कर सरकार ने जता दिया है कि वह किसानों से डरी हुई है। आंतिल खाप की तरफ से दिए जा रहे धरने के प्रधान मास्टर बिजेंद्र आंतिल ने कहा कि भाजपा नेताओं का विरोध अब और तेज किया जाएगा। किसान मांग पूरी होने के बाद ही लौटेंगे।