बिना इंजन के ट्रैक पर बोगियां दौड़ने के मामले में रेलवे ने कांटा मैन मांगेराम को निलंबित कर दिया है। उत्तर पश्चिम रेलवे बीकानेर मंडल की डीआरएम का कहना है कि लापरवाही की गहनता से जांच की जाएगी।
दोषी पाए जाने वाले रेलवे कर्मचारी या अधिकारी को बख्शा नहीं जाएगा। रेलवे कर्मियों की लापरवाही की वजह से शनिवार को गेहूं लोडिंग के समय चार बोगियां अलग होकर कॉलोनी रोड रेलवे फाटक पर आ गई थीं। करीब तीन घंटे तक फाटक बंद रहने से लोगों को मुसीबत का सामना करना पड़ा था।
शनिवार रात को भी एक मालगाड़ी की 58 बोगियां लोडिंग लाइन पर आकर रुकीं। इस बार रेलवे कर्मियों ने लापरवाही नहीं बरती। लकड़ी के गुटके लगाकर मालगाड़ी रोके रखी।
यह हुई थी लापरवाही
लोडिंग लाइन पर मालगाड़ी आने के बाद कांटा मैन और स्टेशन अधीक्षक की ड्यूटी होती है कि वह बोगियों के आगे लकड़ी के गुटके लगा दे। उसी बोगी को लोहे की चेन से रेलवे लाइन के साथ बांध दे। शुक्रवार रात को मालगाड़ी गेहूं लदान के लिए लोडिंग लाइन पर आई थी।
उस समय ड्यूटी पर कांटा मैन मांगे राम और सहायक स्टेशन मास्टर के तौर पर होशियार सिंह तैनात थे। रेलवे कर्मियों ने बोगियां रोकने का प्रबंध नहीं किया जिस कारण बोगियां चल पड़ी थीं।